अफगानिस्तान पर कब्जा कर तालिबान अपना असली रंग दिखाना शुरू कर दिया है। अफगानियों की आजादी छीन कर तालिबान लोगों में खौफ पैदा कर रहा है। कई देश हैं जो तालिबान को सपोर्ट कर रहे हैं लेकिन अमेरिका और भारत ऐसे देश हैं जो तालिबान के बिल्कुल खिलाफ हैं। हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने तालिबान को खुली चेतावनी दी है।

बाइडने चेतावनी देते हुए कहा कि “ तालिबान अपने हर नागरिक को सुरक्षित बाहर निकालने का वादा किया है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा है कि अमेरिका की मदद करने वाले अफगानियों का भी ख्याल रखा जाएगा ”। राष्ट्रपति ने कहा कि “ हर एक अमेरिकी नागरिक जो अफगानिस्तान से वापसी चाहता है उसको वापस लाया जाएगा। साथ ही हम अफगान के लोगों को भी वापस लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं, जिन्होंने अफगानिस्तान में 20 साल तक जंग के दौरान हमारा साथ दिया ”।

राष्ट्रपति जो बाइडेन ने बताया कि “ अफगानिस्तान से सभी को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए 6,000 सैनिक मौजूद हैं।  अब तक 9,000 लोगों को अफगानिस्तान से सुरक्षित वापस ला चुके हैं और पिछले 24 घंटों में वहां से अमेरिकी सेना की निगरानी में 11 चार्टर्ड फ्लाइट रवाना की गई हैं ”


अमेरिकी नागरिक को नुकसान पहुंचाया तो

बाइडेन ने तालिबान को चेताया है कि हमने दुनिया का सबसे बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया है और ये इतिहास के सबसे बड़े और सबसे कठिन एयरलिफ्ट में से एक है। बाइडेन ने कहा कि उन्होंने तालिबान को स्पष्ट कर दिया है कि अगर किसी भी अमेरिकी नागरिक या सैनिक को नुकसान पहुंचाया, तो अंजाम भयानक होंगे। इस बात तालिबान खौफ खा रहा है।