तबलीगी जमात के मौलाना ने खुद को क्वारंटाइन करते हुए कहा है कि डॉक्टरों की सलाह मानें। इससे पहले मौलाना ने जमात के लोगों को 'मस्जिद से अच्छी मौत कहीं नहीं' का पाठ पढ़ाया था। मौलाना साद अब खुद कोरोना वायरस से डर गए हैं। अब तक लापता मौलाना साद का एक नया ऑडियो संदेश आया है। इसमें साद ने खुद कहा कि वह फिलहाल दिल्ली में डॉक्टरी सलाह के बाद आइसोलेशन में हैं। ऑडियो में वह अब तबलीगी जमात के लोगों को समझा रहे हैं कि डॉक्टर के पास जाना शरियत के खिलाफ नहीं है। इससे पहले वायरल ऑडियो में कहते सुना गया था कि सलाह उसी डॉक्टर की मानी जाए तो खुद अल्लाह में यकीन रखता हो।
तबलीगी जमात के मुखिया मौलाना साद का यह ऑडियो दिल्ली मरकज के यूट्यूब पेज पर है। सुबह जारी संदेश में कहा गया है कि जमातियों को सरकार की पूरी मदद करनी चाहिए और डॉक्टरी सलाह लेनी चाहिए। इसके साथ ही अब कहीं मजमा नहीं लगाने को कहा गया है। इससे पहले वायरल ऑडियो में कहा गया था कि यह अफवाह है कि मस्जिद में जुटने से कोरोना से मौत हो सकती है। आगे कहा था कि अगर मौत होती भी है तो इससे बेहतर कुछ नहीं होगा।
दरअसल, अबतक मेडिकल स्टाफ के लोग बहुत परेशान थे क्योंकि तबलीगी जमात के लोग इलाज में साथ नहीं दे रहे थे। दिल्ली के तुकलकाबाद में जहां इन्हें रखा गया था वहां भी ये लोग घूम रहे थे। मेडिकल स्टाफ पर थूकने तक की बातें सामने आईं। अब अपने मुखिया के बयान के बाद संभव है कि ये लोग इलाज में सहयोग करें। मौलाना साद ने ऑडियो में जोर देकर कहा है कि डॉक्टर का कहा माना जाए, यह शरियत के खिलाफ नहीं है। साद ने यह भी कहा कि ऐसा नहीं करना समझदारी की बात नहीं है।