देश में केंद्र के तीन नए कृषि कानूनों (New agricultural laws) को लेकर किसानों का जोरदार हंगामा और विरोध-प्रदर्शन का दौर जारी है. ऐसे में कांग्रेस के वरिष्ठ कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला (Senior Congress leader Randeep Singh Surjewala) ने धान की खरीद को 11 अक्टूबर तक स्थगित करने के निर्णय पर शुक्रवार को केंद्र की भाजपा नीत सरकार (BJP-led government) पर हमला बोला और आरोप लगाया कि यह न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर धान की खरीद को खत्म करने की स्पष्ट साजिश है.

केंद्र ने भारी बारिश की वजह से फसल के पकने में विलंब के चलते बृहस्पतिवार को पंजाब और हरियाणा में धान की खरीद 11 अक्टूबर तक स्थगित कर दी थी. फसल की खरीद राज्य की एजेंसियों के साथ केंद्र की नोडल एजेंसी भारतीय खाद्य निगम द्वारा की जाती है.

हरियाणा की मंडियों में धान पहुंचने का जिक्र करते हुए सुरजेवाला (Surjewala) ने कहा, लाखों क्विंटल धान 20 सितंबर से ही मंडियों में पहुंचना शुरू हो गया है. तब से 11 दिन गुजर गए हैं, लेकिन अब तक हरियाणा में एमएसपी पर एक भी दाना नहीं खरीदा गया है. कांग्रेस नेता ने एक वर्चुअल संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हरियाणा में खुले आसमान के नीचे मंडियों में 20 लाख क्विंटल धान पड़ा है.

साथ ही उन्होंने कहा, अंबाला में मंडियों में 4.5 लाख क्विंटल धान पहुंच चुका है. कुरुक्षेत्र में 5.5 लाख क्विंटल, यमुनानगर में 2.25 लाख क्विंटल, कैथल में दो लाख क्विंटल और करनाल में 1.75 लाख क्विंटल फसल मंडियों में पड़ी है. 

सुरजेवाला (Surjewala ) ने कहा कि हजारों किसान सरकार के खरीद शुरू करने का इंतजार कर रहे हैं और इस स्थिति में किसान कहां जाएंगे.खरीद स्थगित करने के निर्णय के बारे में कांग्रेस नेता ने कहा, यह एमएसपी पर धान की खरीद को खत्म करने की स्पष्ट साजिश है. हरियाणा में धान 20 सितंबर से मंडियों में पहुंचना शुरू हो गया था और अगर सरकार इसे 11 अक्टूबर तक नहीं खरीदेगी तो फिर यह एमएसपी को खत्म करने की साजिश नहीं है तो फिर क्या है? उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाली सरकार एमएसपी को खत्म करना तथा किसानों को खुले बाजार की दया पर छोडऩा चाहती है.

सुरजेवाला (Surjewala) ने कहा कि नरेंद्र मोदी (Narendra Modi ) और मनोहर लाल खट्टर (Manohar Lal Khattar)  के नेतृत्व वाली सरकारों का किसान विरोधी चेहरा एक बार फिर सामने आ गया है. कांग्रेस नेता ने कहा कि हरियाणा में धान की खरीद 25 सितंबर से शुरू होनी थी. 

उन्होंने कहा कि कांग्रेस मांग करती है कि हरियाणा में एक अक्टूबर से धान और बाजरा की खरीद शुरू की जाए. उन्होंने यह भी कहा कि राज्य की भाजपा-जजपा सरकार हाल में हुई भारी बारिश की वजह से फसलों को हुए नुकसान के लिए 15 दिन के भीतर किसानों को मुआवजा प्रदान करे.