उच्चतम न्यायालय ने आपत्तिजनक ट्वीट मामले में स्टैंडअप कॉमेडियन कुणाल कामरा और कॉमिक आर्टिस्ट रचिता तनेजा के खिलाफ अदालत की अवमानना का नोटिस जारी किया है। न्यायमूर्ति अशोक भूषण, न्यायमूर्ति आर सुभाष रेड्डी और न्यायमूर्ति एम आर शाह की खंडपीठ ने शुक्रवार को दोनों को नोटिस के जवाब के लिए छह सप्ताह का समय दिया है। 

न्यायालय ने इस बात का संज्ञान लिया कि एटर्नी जनरल के के वेणुगोपाल ने अवमानना कार्रवाई शुरू करने की मंजूरी दी है। न्यायालय ने दोनों मामलों में सभी संबंधित पक्षों की दलीलें सुनने के बाद गुरुवार को आदेश सुरक्षित रखते हुए कहा था, हम कल (शुक्रवार को) इस पर अपना आदेश जारी करेंगे। कुणाल कामरा पर आरोप है कि उन्होंने शीर्ष अदालत और उसके जजों के खिलाफ आपत्तिजनक ट्वीट किए थे, जबकि कॉमिक आर्टिस्ट रचिता तनेजा ने इलस्ट्रेशन के जरिये सुप्रीम कोर्ट और सरकार के बीच कथित साठगांठ को प्रदर्शित करते हुए आपतिजनक ट्वीट किए थे। 

कुणाल कामरा के खिलाफ याचिका दायर करने वालों में अभ्युदय मिश्रा, स्कंद बाजपेयी और श्रीरंग कटनेश्वर शामिल हैं, जबकि रचिता तनेजा के खिलाफ कानून के छात्र आदित्य कश्यप ने याचिका दायर की है।