सिक्किम के तर्ज पर अब असम भी चल पड़ा है। राज्य के काजलगांव (चिरांग) में ऑल बोडो स्टूडेंट्स यूनियन (अबसू) और कई छात्र संगठनों ने केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी छात्रों ने सड़कों पर चक्काजाम भी कर दिया। बता दें कि ऑल बोडो स्टूडेंट्स यूनियन और अन्य छात्र संगठनों की मांग है कि बोडोलैंड को एक अलग राज्य बनाया जाए।

गौरतलब है कि पूर्वोत्तर के सिक्किम में भी अलग राज्य गोरखालैंड को लेकर सालों से आंदोलन जारी है। 80 के दशक में गोरखालैंड आंदोलन की शुरूआत हुई और तब से लेकर अब तक करीब 32 वर्षों में इस आंदोलन ने सिक्किम को बुरी तरह से प्रभावित किया है, लेकिन गोरखा जनमुक्ति आंदोलन हमेशा कहता रहा है कि राज्य हमारी अंतिम मांग है और हम इससे पीछे नहीं हटेंगे।


गाेरखालैंड के इस मांग का समर्थन राज्य के मुख्यमंत्री भी कर चुके हैं। प्रदेश के मुख्यमंत्री पवन चामलिंग ने केंद्रीय गृह राज्य मंत्री राजनाथ सिंह को एक पत्र लिखकर अलग गोरखालैंड राज्य की मांग का समर्थन किया था जिसके बाद सिक्किम से लेकर सिलीगुड़ी तक लोगों की प्रतिक्रिया देखने को मिली थी। अब पूर्वोत्तर के राज्य असम में भी अगल राज्य की मांग को लेकर सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन हो रहा है।