कर्नाटक पुलिस (Karnataka Police) ने सनसनीखेज मैसूर सामूहिक दुष्कर्म (Mysore gang rape) मामले में छह आरोपियों के खिलाफ स्थानीय मजिस्ट्रेट अदालत में 1,499 पन्नों का आरोपपत्र दाखिल किया है। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, घटना में एक आरोपी की भूमिका नहीं मिलने के कारण उसके खिलाफ आरोप हटा दिए गए हैं। पुलिस ने शेष आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 397, 376बी, 120बी, 334, 325 व 326 व अन्य के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि कोर्ट ने मामले को संज्ञान में ले लिया है।

घटना 24 अगस्त की है। पीड़िता कॉलेज खत्म होने के बाद अपने पुरुष मित्र के साथ चामुंडी पहाड़ी के पास सुनसान जगह पर गई थी। सात बदमाशों ने उन पर हमला कर महिला से दुष्कर्म (Mysore gang rape) किया और युवक से तीन लाख रुपये की फिरौती की मांग की। बाद में पीड़ितों को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने इस सिलसिले में तमिलनाडु से सात लोगों को गिरफ्तार किया था।

इस घटना ने कर्नाटक में कोहराम मचा दिया था क्योंकि छात्र संगठन दोषियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर सड़कों पर उतर आए थे। हालांकि, पीड़िता अपने मूल स्थान वापस चली गई थी और लंबे समय तक पुलिस के साथ संपर्क में नहीं रही। हालांकि, पुलिस उसके संपर्क में रही और उसे मजिस्ट्रेट के सामने बयान (Mysore gang rape) देने के लिए मनाने में कामयाब रही।