कोरोना महामारी (covid19) के मद्देनजर ब्रिटेन, न्यूजीलैंड, चीन और इजराइल आदि जोखिम वाले राष्ट्रों से भारत आने वाले सभी यात्रियों का कोविड परीक्षण (covid test) होगा और सभी देशों से आयें लोगों को अनिवार्य रूप से सात दिन तक क्वारंटीन (Quarantine for seven days) में जाना होगा तथा आठवें दिन कोविड परीक्षण कराना होगा। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने शुक्रवार को विदेशों से भारत आने वाले यात्रियों के लिए संशोधित दिशा निर्देश जारी किये। ये दिशा निर्देश 11 जनवरी से प्रभावी होंगे। संशोधित दिशा निर्देश में कहा गया है कि भारत आने वाले सभी यात्रियों को सुविधा पोर्टल पर आरटी-पीसीआर नेगेटिव रिपोर्ट (RT-PCR negative report) तथा स्व घोषणा पत्र  डालना होगा। 

जोखिम वाले राष्ट्रों से भारत आने पर सभी यात्रियों का उनके खर्चे पर कोविड परीक्षण (covid test) किया जायेगा और कोविड पाजिटिव आने पर कोविड मानकों के अनुरूप इलाज होगा। अन्य राष्ट्रों से आने वाले यात्रियों की थर्मल स्क्रीनिंग (thermal screening) होगी और कोविड लक्षण दिखने पर उनका कोविड परीक्षण होगा। सभी यात्रियों में से दो प्रतिशत का रैंडम कोविड परीक्षण होगा। पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों की आरटी-पीसीआर रिपोर्ट (RT-PCR report) आवश्यक नहीं है, लेकिन कोविड लक्षण दिखने पर उचित प्रक्रिया अपनायी जायेगी। दिशा निर्देश में कहा गया कि विदेश से आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को सात दिन के लिए क्वारंटीन में जाना होगा और आठवें कोविड परीक्षण कराना होगा। ये दिशा निर्देश हवाई अड्डे, बंदरगाह और स्थल मार्ग से आने वाले सभी यात्रियों पर समान रूप से लागू होंगे। 

केंद्र सरकार ने कोविड संक्रमण को देखते जोखिम वाले राष्ट्रों की सूची में उन देशों को रखा है, जहां संक्रमण एक निर्धारित स्तर से ज्यादा है। इस सूची में यूरोप, पूर्वी एशिया और अफ्रीका के कुछ देश शामिल है। संक्रमण की स्थिति को देखकर इसमें सूची में लगातार बदलाव होता है। यह सूची केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय तथा नागरिक उड्डयन मंत्रालय (ministry of civil aviation) की वेबसाइट पर उपलब्ध होती है। इस सूची में फिलहाल ब्रिटेन समेत यूरोपीय देश, दक्षिणी अफ्रीका, ब्राजील, बोत्सवाना, मॉरीशस, घाना, न्यूजीलैंड, जिंबाब्वे, तंजानिया, हांगकांग, इजराइल, कांगो, इथोपिया, कजाकिस्तान, केन्या,नाइजीरिया, ट्यूनीशिया और जांबिया शामिल हैं।