कोरोना के नए मामले उम्मीद से ज्यादा गति से बढ़ रहे हैं जिसके कारण एकबार फिर से लॉकडाउन की चर्चा होने लगी है। इससे निवेशकों का सेंटिमेंट बुरी तरह प्रभावित हुआ है और सेंसेक्स में भारी गिरावट देखने को मिल रही है। दोपहर के 1.23 बजे सेंसेक्स 1729 अंकों की गिरावट (-3.49%) के साथ 47862 के स्तर पर और निफ्टी 526 अंकों की गिरावट के साथ 14308 के स्तर पर ट्रेड कर रहा था।

बाजार में आई इस गिरावट के कारण निवेशकों का लाखों करोड़ डूब चुका है। पिछले सप्ताह बाजार बंद होने पर BSE लिस्टेड सभी कंपनियों का मार्केट कैप 209.63 लाख करोड़ रुपए था। इस समय यह घटकर 203.22 लाख करोड़ रुपए पर पहुंच चुका है। इस तरह पिछले एक घंटे में निवेशकों के 6.41 लाख करोड़ रुपए डूब चुके हैं। सेंसेक्स के टॉप-30 में 28 शेयर लाल निशान में ट्रेड कर रहे हैं। केवल डॉ रेड्डी और सनफार्मा के शेयरों में तेजी देखी जा रही है। इंडसइंड बैंक, बजाज फाइनेंस और एसबीआई के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट आई है।

दरअसल कोरोनो के नए वेब की रफ्तार पुराने से कहीं ज्यादा तेज है। देश के कई राज्यों और शहरों में धारा-144 और नाइट कर्फ्यू की घोषणा की जा चुकी है। बढ़ते मामलों के बीच एकबार फिर से लॉकडाउन का डर सताने लगा है। महाराष्ट्र इस समय कोरोना से सबसे ज्यादा प्रभावित है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक बुधवार को सीएम उद्धव ठाकरे कैबिनेट की बैठक करेंगे जिसमें कोरोना पर कंट्रोल के लिए लॉकडाउन लगाने पर फैसला लिया जाएगा।