अमेरिकी वायु सेना की अल्ट्रा फास्ट हाइपरसोनिक मिसाइल लगातार दूसरे टेस्ट में भी फेल हो गई है। इस बार तो यह मिसाइल अपने कैरियर विमान बोइंग बी-52 स्ट्रैटोफोट्र्रेस से सुरक्षित तरीके से लॉन्च भी हो गई, लेकिन एन मौके पर मिसाइल में लगा रॉकेट इंजन ऑन नहीं हुआ। जिस कारण मिसाइल गोते खाती हुई काफी ऊंचाई से धरती पर आ गिरी। इस मिसाइल के लगातार दो परीक्षणों के विफल होने से अमेरिकी हाइपसोनिक मिसाइल कार्यक्रम को तगड़ा झटका लगा है।

टेस्ट की जा रही हाइपरसोनिक मिसाइल का नाम एजीएम-183ए एयर-लॉन्च्ड रैपिड रिस्पांस वेपन है। अप्रेल में इस मिसाइल का पहला परीक्षण आयोजित किया गया था। तब यह मिसाइल कैलिफोर्निया के एडवड्र्स एयर फोर्स बेस से उड़ान भरने वाले बी-52 विमान के विंग से रिलीज ही नहीं हो सकी थी। अमेरिकी वायु सेना ने टेस्ट रिजल्ट की घोषणा करते हुए बताया कि यह परीक्षण 28 जुलाई को दक्षिणी कैलिफोर्निया के तट पर प्रशांत महासागर में पॉइंट मुगु सी रेंज पर हुआ था।

वायु सेना ने बताया कि टेस्ट के दौरान मिसाइल विमान के विंग से अच्छे तरीके से अलग हुआ। इस दौरान जीपीएस एक्वाजिशन, विमान से मिसाइल तक पावर का ट्रांसफर और पूरी तरीके से अलग होने वाले सभी अनुक्रम सफलतापूर्वक पूरे किए गए। मिसाइल ने फिन ऑपरेशन और डी-कॉन्फ्लेक्शन मनूवर को भी पूरा किया। यह प्रक्रिया बमवर्षक विमान और उसके एयर क्रू के सेफ्टी के लिए जरूरी होता है। विमान से सफलतापूर्वक अलग होने के बाद मिसाइल का रॉकेट मोटर प्रज्वलित नहीं हो पाया।