अंतरिक्ष में दिलचस्पी रखने वाले हर व्यक्ति के मन में एक सवाल हमेशा रहता है कि क्या धरती के अलावा भी कहीं जीवन मौजूद है! कई अंतरिक्ष अभियानों के बावजूद हमारे वैज्ञानिक अभी तक धरती के बाहर जीवन के निशान नहीं खोज सके हैं। आपने भी अमेरिका और पश्चिमी देशों में UFO और एलियंस पर रिसर्च की खबरें पढ़ी होंगी। हालांकि उनके बारे में असल सच्चाई हर कोई नहीं जानता है। इस बीच नासा के वैज्ञानिकों ने एलियंस और उनकी मौजूदगी के बारे में कुछ सवालों के जवाब देने की कोशिश की है। दरअसल, वैज्ञानिकों ने प्लान बनाया है कि वे एलियंस को उनकी भाषा में संदेश भेजेंगे।

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नासा के वैज्ञानिक इस प्लान पर जुट गए हैं। कैलिफोर्निया में नासा की जेट प्रोपल्शन लेबोरेटरी में डॉ जोनाथन की अध्यक्षता में वैज्ञानिक इस मिशन पर काम कर रहे हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक नासा के वैज्ञानिक एक खास बाइनरी संदेश को प्रसारित करने की तैयारी कर रहे हैं। यह एक प्रकार का रेडियो सिग्नल होगा, जिसके माध्यम से यह कोशिश की जाएगी कि एलियंस से बातचीत हो सके। इसे एलियंस की भाषा में ही डिकोड किया जाएगा। इसी रिपोर्ट के मुताबिक नासा के वैज्ञानिक एलियंस को धरती की लोकेशन और कुछ डीएनए सैंपल भेजना चाहते हैं। ये संदेश रेडियो सिग्नल्स के जरिए भेजे जाएंगे। 

कुछ विशेषज्ञों के हवाले से बताया गया है कि यह प्लान उस प्रक्रिया का हिस्सा है जिसमें यह दावा किया गया था कि एलियंस की दुनिया से धरती पर कुछ संदेश भेजे गए थे। इस बारे में कहा जा रहा है कि एलियंस का संदेश धरती पर दो साल पहले आया था। उस समय धरती पर मौजूद रेडियो टेलिस्कोप ने रेडियो किरणों की तीव्र लहर को दर्ज किया था। हालांकि ये लहर कुछ मिलिसेकेंड्स के लिए थीं जो अचानक गायब हो गई थीं। 

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लेकिन इन रेडियो किरणों के बारे में पता चलना एक महत्वपूर्ण खोज मानी गई। पहली बार धरती के इतने नजदीक फास्ट रेडियो बर्स्ट का पता चला था। इसके बारे में बताया गया था कि ये संदेश एलियन की तरफ से ही मिले हैं। इन सिग्नलों में आ रहे संदेशों को बाद में समझने की कोशिश की गई थी। अब इसी कड़ी में वापस संदेश भेजे जाएंगे। फिलहाल अब देखना दिलचस्प होगा कि वैज्ञानिक इस नए प्रयोग में कहां तक कामयाबी हासिल कर सकेंगे।