मॉस्को। रूसी सरकार (russian government) ने अमेरिका और यूरोप की लीजिंग कंपनियों के स्वामित्व वाले सैकड़ों वाणिज्यिक जेट विमानों को जब्त करने का फैसला किया है। सीएनएन ने बताया कि रूस का यह कदम देश के एयरलाइन उद्योग के सामने आने वाली चुनौतियों का संकेत है, जो यूक्रेन पर आक्रमण के बाद आने वाले दिनों में देश पर लगाये गये प्रतिबंधों के कारण और भी गंभीर होने वाला है। रूसी राष्ट्रपति कार्यालय 'क्रेमलिन' ने एक बयान में कहा कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने सरकार के प्रतिबंध-विरोधी उपायों के हिस्से के रूप में एक कानून पर हस्ताक्षर किये हैं, जो रूसी एयरलाइनों को विदेशी कंपनियों से लीज पर दिए गए विमानों को पंजीकृत करने की अनुमति देगा, जहां उन्हें उड़ान योग्यता का स्थानीय प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा। 

यह भी पढ़ें- Happy Holi Wishes 2022: रंगों इस फेस्टिवल पर अपनों को इन मैसेज से भेंजे शुभकामनाएं , बोलें- Happy Holi

इस विधेयक के माध्यम से रूसी एयरलाइन विदेशों से लीज पर लिये गये विमानों को रखने और घरेलू मार्गों पर विमानों को संचालित करने में सक्षम होंगी, जबकि विदेशी कंपनियों के लिए रूसी सरकार की मंजूरी के बिना अपने जेट विमानों को फिर से हासिल करना कठिन हो जायेगा। रूस पर अमेरिकी और यूरोपीय लीङ्क्षजग कंपनियों द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों के तहत दोनों देशों को महीने के अंत तक रूसी एयरलाइन को लीज पर दिए गए सभी विमानों को वापस लेना होगा। 

यह भी पढ़ें- Holika Dahan 2022 Subh Muhurat: फाल्गुन पूर्णिमा दोपहर 1:29 से प्रारंभ होगी, जानिए होलिका दहन और होली पूजा का शुभ मुहूर्त

एयरबस (ईएडीएसएफ) और बोइंग (बीए) जैसे विमान निर्माताओं ने पहले ही रूसी एयरलाइनों के जेट विमानों के रख रखाव और सुरक्षित रूप से उड़ान भरने के लिए आवश्यक स्पेयर पार्ट्स की आपूर्ति बाधित कर दी है। एविएशन एनालिटिक्स फर्म सिरियम द्वारा उपलब्ध कराये गये आंकड़ों के अनुसार, रूसी एयरलाइंस 305 एयरबस जेट और 332 बोइंग जेट संचालित करती हैं। रूस के पास बॉम्बार्डियर, एम्ब्रेयर और एटीआर जैसे पश्चिमी निर्माताओं द्वारा बनाए गए 83 क्षेत्रीय जेट भी हैं। रूसी एयरलाइनों के सक्रिय बेड़े में से केवल 144 विमान रूस में निर्मित हैं।