रूस की वैक्सीन Sputnik V की वजह से आधी दुनिया खतरे में आ चुकी है। अभी लैटीन अमेरिका से लेकर पश्चिम एशिया तक विकासशील देशों में लाखों लोग स्पूतनिक-वी कोरोना वैक्सीन की खुराक लेने का इंतजार कर रहे हैं।

इस टीकाकरण अभियान में पहली खुराक और दूसरी खुराक के बीच अंतर बढ़ता ही जा रहा है। एक अनुमान के मुताबिक, रूस ने कोविड-19 रोधी टीके की एक अरब खुराक देने का वादा किया था, लेकिन उसने केवल 4.8% खुराकों का ही निर्यात किया है।

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रूस के सरकारी नियंत्रित राजकोष के प्रमुख ने कहा था कि टीके की आपूर्ति की समस्या हल कर ली गई है। एस्पेरिता गार्शिया द पेरेज (88) ने मई में कोविड-19 रोधी टीके की पहली खुराक ली थी। वह अब स्पूतनिक वी टीके की दूसरी खुराक का इंतजार कर रही हैं। वह पिछले महीने कोरोना वायरस से संक्रमित हुई। उनके जीवित रहने की उम्मीद कई दवाओं और घर पर हो रही देखभाल पर टिकी हुई है।