यदि आप बैंक ग्राहक हैं और एटीएम से पैसों की निकासी भी करते हैं।  तो एक बार इस खबर को जरूर पढ़ लें।  क्योकिं रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) ने एटीएम से जुड़े कुछ निययों में बदलाव किया है।  आरबीआई के नए नियम के अनुसार अब एटीएम से पैसे निकालने के एवज में आपको देना पड़ेगा ज्यादा शुल्क, यहीं नहीं आरबीआई ने इंटरचेंज चार्ज को भी बढ़ा दिया है। 

एटीएम से पैसे निकाली के चार नियमों में बदलावः आरबीआई ने एटीएम से पैसे निकाली के चार नियमों में बदलाव किया है।  जिसके तहत अब एटीएम से पैसे निकालने के बदले ज्यादा शुल्क देना पड़ेगा।  इंटरचेंज चार्ज में भी बढ़ोत्तरी की गई है।  हालांकि, बैंक ग्राहकों को पहले की तरह फ्री ट्रांजेक्शन की सुविधा मिलती रहेगी।  आइए जानते हैं बैंक ने नियमों में क्या किए हैं बदलाव। 

कैश निकासी पर लगेंगे 21 रुपएः आरबीआई ने कैश निकाली पर लगने वाले शुल्क को बढ़ाने की बैंकों को इजाजत दे दी है।  यानी अब फ्री ट्रांजेक्शन की अवदि पार होने के बाद बैंक पैसे निकासी के एवज में ज्यादा शुल्क चार्ज करेंगे।  आरबीआई ने कहा है कि, फ्री ट्रांजेक्शन के बाद बैंक अपने ग्राहकों से अब 21 रुपये प्रति ट्रांजेक्शन चार्ज करेगी, पहले 20 रुपये चार्ज देना होता था। 

जारी रहेगी फ्री ट्रांजेक्शन की सुविधाः आरबीआई के नियमों में बदलाव के बाद भी ग्राहकों को 5 फ्री ट्रांजेक्शन की सुविधा मिलती रहेगी ।  इन फ्री ट्रांजेक्शन में वित्तीय और गैर-वित्तीय दोनों तरह के ट्रांजेक्शन शामिल हैं।  यहीं नहीं, दूसरे बैंक के एटीएम पर भी जो फ्री ट्रांजेक्शन की सुविधा मिल रही थी वो भी जारी रहेगी।  उसमें आरबीआन ने कोई बदलाव नहीं किया है।  गैरतलब है कि, फिलहाल बैंक ग्राहकों को दूसरे बैंक के एटीएम इस्तेमाल करने पर शुल्क देना पड़ता हैं।  यह शुल्क मेट्रो शहरों में 3 ट्रांजेक्शन के बाद और नॉन-मेट्रो शहरों में 5 ट्रांजेक्शन के बाद देना पड़ता है। 

इंटरचेंज चार्ज भी हुआ महंगाः कैश शुल्क में बढ़ोत्तरी के साथ साथ आरबीआई ने एटीएम ट्रांजेक्शन के इंटरचेंज चार्ज में भी इजाफे को मंजूरी दे दी है।  जिसके बाद बैंक अपने एटीएम ट्रांजेक्शन का इंटरचेंज चार्ज में बढ़ोत्तरी कर सकते हैं।  आरबीआई के बदलाव के बाद बैंक गैर वित्तीय ट्रांजेक्शन चार्ज को 5 से 6 रुपए कर सकती है।  वहीं, वित्तीय ट्रांजेक्शन चार्ज को 15 से बढ़ाकर 17 रुपए कर सकती है।  1 अगस्त से बैंक सरचार्ज में इजाफा कर सकता है।