राष्ट्रीय वाल्मीकि क्रांतिकारी मोर्चा ने दिल्ली के एक गांव में नाबालिग बच्ची के साथ दुराचार के बाद हत्या करने वालों को फांसी देने की मांग की है। साथ ही, पीडि़त परिवार को एक करोड़ रुपये का मुआवजा देने की मांग की है। उत्तराखंड के देहरादून में मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व राज्यमंत्री भगवत प्रसाद मकवाना के आह्वान पर भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष धर्मपाल घाघट के नेतृत्व में वाल्मीकि समाज के लोगों ने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। 

साथ ही, अपनी मांगों के सम्बन्ध में जिला अधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को सम्बोधित एक ज्ञापन सौंपा। प्रदेश अध्यक्ष घाघट ने चेतावनी दी कि अगर दोषियों पर शीघ्र फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चलाकर फांसी की सजा नहीं सुनाई गई, तो देश के कोने-कोने से राष्ट्रीय बाल्मीकि क्रांतिकारी मोर्चा के पदाधिकारी दिल्ली कूच को बाध्य होंगे। 

इस अवसर पर, अरुण चौहान, राजेश राजोरिया, महेश नारायण, मदन बाल्मीकि, नीरज नागलिया, अनिल खजुवाल, राजीव राजोरी, विनोद घाघट, मोतीराम, मुकेश, राज गहलोत बिट्टू, काजल सूद, सतीश आजाद, गजेंद्र चौधरी, सुधीर भगत, नवीन कुमार मन्नू, नितिन कायस्थ, सजय खरे, गौतम ङ्क्षसह, कुलवंत, अंकुश प्रेम व अन्य उपस्थित रहे।