उत्तर प्रदेश चुनाव (Uttar Pradesh Election) में सियासी पारा चढ़ता ही जा रहा है। ऐसे में कोई भी पार्टी एक दूसरे पर वार करने से नहीं चूक रही, वहीं बिना जांचे परखे किसी भी चीज़ को मुद्दा बनाकर नेता अपनी ही पार्टी की किरकिरी भी करवा ले रहे है। ऐसा ही कुछ हुआ है कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और नेता राहुल गांधी (Former Congress President and Leader Rahul Gandhi) के साथ। एक वीडियो को शेयर कर राहुल ने बीजेपी (BJP) को घेरने की कोशिश की लेकिन वह अपनी ही फजीहत करावा बैठे।

दरअसल, हुआ यूं कि कांग्रेस नेता राहुल (Congress leader Rahul) ने हिंदुत्ववादी का मुद्दा उठाते हुए ट्विटर पर एक वीडियो शेयर किया। वीडियो में दो लोग बहस करते नजर आ रहे हैं। दावा है कि वीडियो में दिख रहा युवा शख्स बीजेपी पार्षद है। वह वृद्ध को इसलिए धमका रहा है, क्योंकि उसने चुनाव में बीजेपी को वोट देने से इनकार कर दिया है। वीडियो में देख सकते हैं कि बीजेपी नेता और वृद्ध के बीच जमकर बहस हो रही है। राहुल ने वीडियो के साथ कैप्शन में लिखा, "हिंदुत्ववादियों की राजनीति यानि गुंडागर्दी।"

इसके बाद जब वीडियो की पुलिस ने जब जांच की तो पाया वीडियो के साथ किया गया दावा गलत है। एसीपी ब्रजनारायन सिंह ने बताया कि कानपुर में एक वीडियो किसी ने वायरल कर दिया। इसमें दावा किया जा रहा है कि बीजेपी नेता राघवेंद्र मिश्रा, कांग्रेस समर्थक भूपेंद्र भदौरिया से जबरदस्ती बीजेपी को वोट डालने के लिए दबाव डाल रहे हैं। लेकिन जांच में राघवेंद्र और भूपेंद्र दोनों पड़ोसी निकले।