कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बुधवार को केंद्र सरकार को जमकर घेरा. उन्होंने सरकार को नसीहत देते हुए कहा कि देश चलाने के लिए केंद्र और राज्य के बीच संवाद जरूरी है. भारत कोई साम्राज्य नहीं है और राज्यों को दबाया नहीं जा सकता. राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव में भाग लेते हुए राहुल ने ये बातें लोकसभा में कहीं.

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राहुल ने कहा कि कुछ दिन पहले किसी राजनीतिक दल के नेता मणिपुर से आए थे, वे काफी गुस्से में थे. मैंने वजह पूछी तो उन्होंने कहा इतनी बेइज्जती कभी नहीं हुई. दरअसल, मणिपुर के कई नेता कुछ दिन पहले गृह मंत्री के घर गए थे. वहां उनसे जूते उतरवाए गए, लेकिन गृह मंत्री चप्पल पहनकर घूम रहे थे. उन्होंने मुझे इसकी तस्वीर दिखाई. आखिर ऐसा भेदभाव क्यों?

बिना बातचीत और समझौते के किसी ने भी शासन नहीं किया

आप तीन हजार साल का इतिहास उठा कर देख लीजिए. आप मौर्य वंश को देख लीजिए, अशोक को देख लीजिए. किसी ने भी बिना बातचीत और समझौते के शासन नहीं किया. देश में हर राज्य के लोगों की अपनी भाषा है अपनी संस्कृति है. यह विविधताओं का गुलदस्ता है. भारत केंद्र की एक छड़ी के सहारे नहीं चल सकता है.

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अमीरों और गरीबों का अलग हिन्दुस्तान

राहुल ने कहा-दो हिन्दुस्तान बन रहे हैं, एक अमीरों का हिन्दुस्तान और दूसरा गरीबों का हिन्दुस्तान, इन दो हिन्दुस्तानों के बीच में खाई बढ़ती जा रही है. गरीब हिन्दुस्तान के पास आज रोजगार नहीं है. राष्ट्रपति के अभिभाषण में बेरोजगारी के बारे में एक भी शब्द नहीं था. कोरोना के समय जो सपोर्ट आपको देना था, वह नहीं दिया. नतीजा यह हुआ कि 84 प्रतिशत हिंदुस्तानियों की आमदनी घटी है और वे तेजी से गरीबी की ओर बढ़ रहे हैं. हमने 27 करोड़ लोगों को गरीबी से निकाला था और 23 करोड़ लोगों को आपने वापस गरीबी में डाल दिया. यह हमारा आंकड़ा नहीं है.

हिंदुस्तान की अर्थव्यवस्था में डबल ए वैरिएंट फैल रहा

राहुल ने कहा, फॉर्मल सेक्टर में मोनोपोली बन रही है. मैं दो मोनोपोलिस्ट के बारे में बोलूंगा. जैसे कोरोना के समय अलग-अलग वैरिएंट आते हैं, ऐसे ही डबल ए वैरिएंट हिंदुस्तानी की पूरी अर्थव्यवस्था में फैल रहे हैं. एक व्यक्ति को हिदुस्तान के सभी पोर्ट. हिंदुस्तान के सब एयरपोर्ट, पावर, ग्रीन एनर्जी, एडीबिल, जो भी हिंदुस्तान में होता है, उधर अडाणी जी दिखाई देते हैं. दूसरी तरफ अंबानी जी रिटेल, ई-कॉमर्स, पेट्रोल में दिखाई देते हैं. तो देश का पूरा कारोबार कुछ चुनिंदा लोगों के हाथ में जा रहा है.

स्मॉल और मीडियम इंडस्ट्री को सपोर्ट के बिना मेड इन इंडिया नहीं हो सकता

सारे के सारे स्मॉल बिजनेस इंडस्ट्री को आपने खत्म कर दिया. अगर आप उन्हें सपोर्ट देते तो मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर तैयार हो सकता है. आप मेक इन इंडिया करते हैं, लेकिन आपने तो असंगठित लोगों को खत्म कर दिया, वही तो मेड इन इंडिया वाले हैं. स्मॉल और मीडियम इंडस्ट्री को सपोर्ट किए बिना मेड इन इंडिया हो ही नहीं सकता. आप मेक इन इंडिया, न्यू इंडिया, स्टार्ट अप बोलते जाते हो और देश में बेरोजगारी फैलती जा रही है. आप ये मत सोचिए कि यह हिंदुस्तान चुप बैठा रहेगा. इस गरीब हिंदुस्तान को यह दिख रहा है कि हिंदुस्तान के 10 लोगों के पास 40 फीसदी जनता से ज्यादा धन है. ये किसने किया? ये नरेंद्र मोदी ने किया. आप जो दो हिंदुस्तान बना रहे हैं, इन हिंदुस्तान को जोडऩे का काम जल्दी से कीजिए.

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आपकी राजनीति ने देश में नफरत पैदा की

अगर आप भारत के संविधान को पढ़ें तो पाएंगे कि भारत को राज्यों के संघ के तौर पर बताया गया है. इसका मतलब है कि तमिलनाडु के लोगों को उतनी ही प्राथमिकता मिलनी चाहिए, जितनी यूपी और अन्य राज्यों को मिलती है. उतनी ही प्राथमिकता मणिपुर, नगालैंड, जम्मू-कश्मीर को भी मिलनी चाहिए. ये गंभीर मुद्दा है और मैं इस पर गंभीर जवाब चाहता हूं. आपकी राजनीति ने देश में नफरत पैदा की है.

केंद्र ने जम्मू-कश्मीर में बड़ी रणनीतिक गलतियां कीं

राहुल गांधी ने कहा, मैं अपने देश को लेकर बहुत चिंतित हूं. आप इस देश और इसके लोगों को भारी जोखिम में डाल रहे हैं. आप (सरकार) चीन और पाकिस्तान को साथ लाए हैं. हमने जम्मू-कश्मीर में बड़ी रणनीतिक गलतियां की हैं.

11 फरवरी तक चलेगा बजट सत्र

राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा 2 फरवरी से शुरू हुई है. 31 जनवरी से शुरू हुआ बजट सत्र 11 फरवरी तक चलेगा. पहला चरण पूरा होने के बाद 12 फरवरी से 13 मार्च तक एक महीने का अवकाश होगा. दूसरा चरण 14 मार्च से शुरू होकर 8 अप्रैल तक चलेगा. इस सत्र में मंत्रालयों की अनुदान मांगों पर चर्चा होगी. साथ ही संबंधित विभागों के मंत्री उत्तर देंगे. बजट पर चर्चा और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के जवाब के बाद अनुदान मांगें और वित्त विधेयक पारित किया जाएगा. इस दौरान पीएम मोदी 7 या 8 फरवरी को, जबकि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 11 फरवरी को जवाब देंगे.