देश में कोरोना की तीसरी लहर ने दस्तक दे दी है। कोरोना की दूसरी लहर के कमजोर होते ही ब्लैक फंगस ने आतंक मचाना शुरू कर दिया है। देश में ब्लै क फंगस के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं।  देश में ब्लैाक फंगस मरीजों को दवा न मिलने के कारण कई मरीजों को अपनी जान तक गंवानी पड़ रही है और कई मरीजों की आंखें निकालनी पड़ रही है। ब्लैनक फंगस के बढ़ते मामलों पर कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने PM मोदी का ध्याबन खींचने की कोशिश की है।

हाल ही में प्रियंका गांधी ने पीएम मोदी को एक पत्र लिखकर कहा है कि “ब्लैक फंगस (म्यूकोर माइकोसिस) के मामले तेजी से बढ़े हैं। हालात गंभीर हैं ध्यान दें ”। प्रियंका ने पत्र में लिखा है कि “पीड़ित मरीजों के इलाज में इस्तेमाल होने वाला लाइपोसोमाल अम्फोटेरिसिन बी इंजेक्शन नहीं मिल रहा है। बड़ी संख्या में लोग इस दवा के लिए गुहार लगा रहे हैं और दिल्ली में सेना के दो अस्पतालों में भर्ती सैनिकों को ब्लैक फंगस के इलाज में इस्तेमाल होने वाले इस इंजेक्शन की कमी आई देखी गई है ”।


आयुष्मान योजना के दायरे में लाया जाए फंगस बीमारी

प्रियंका ने मोदी से कहा कि ब्लैक फंगस को लेकर आपकी सरकार का रवैया इसकी गंभीरता के अनुरूप नहीं रहा है। मरीजों की संख्या के हिसाब से राज्यों को उपलब्ध कराए गए, इंजेक्शन की संख्या बेहद कम है। देशभर में फंगल बीमारी से पीड़ित मरीजों की संख्या 11,717 हो गई है।

प्रियंका ने कहा कि “ब्लैक फंगस के इलाज में इंजेक्शन पर ही लाखों रुपयों का खर्च आ रहा है। यह इंजेक्शन अभी आयुष्मान योजना के तहत भी कवर नहीं हो रहा है।  मेरा आपसे आग्रह है कि इस बीमारी के इलाज को आयुष्मान योजना के दायरे में लाया जाए या इसके इंजेक्शन की आपूर्ति मरीजों को निशुल्क कराई जाए ”।