मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश के सभी पात्र निर्धन उपभोक्ताओं को उचित मूल्य की दुकानों से एक साथ तीन माह का राशन नि:शुल्क मिलेगा। मुख्यमंत्री चौहान ने सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस द्वारा कलेक्टर्स से संवाद के दौरान कहा कि शहरों और कस्बों के साथ ही प्रदेश के ग्रामों में भी संक्रमण बढऩे से रोकना है। 

ग्रामों में जो सुरक्षित हैं, वे सुरक्षित रहें और बाहर न निकलें। जहाँ अधिक संक्रमित रोगी हैं, वहाँ कन्टेनमेंट जोन बनाकर संक्रमण नियंत्रण सुनिश्चित करें। हर स्थिति में संक्रमण की चेन तोडऩा है। रहवासी संघ और स्वैच्छिक संगठन सहयोग करें ताकि जो व्यवस्थाएँ छोटी पड़ रही हैं, उन्हें पर्याप्त बनाया जा सके। उन्होंने खंडवा, बुरहानपुर प्रशासन के संक्रमण नियंत्रण के प्रयासों को सराहनीय बताया। 

चौहान ने कहा कि प्रदेश में संक्रमित रोगियों के लिए पर्याप्त ऑक्सीजन की व्यवस्था के लिए युद्ध स्तर पर प्रयास किए गए हैं। रेमडेसिविर इंजेक्शन भी लगातार आ रहे हैं। इनका न्यायपूर्ण वितरण सुनिश्चित किया जाए ताकि किसी रोगी की साँस की डोर न टूटे। आइसोलेशन से जुड़ी पूरी व्यवस्थाएँ जिलों में सुनिश्चित की जाए। जिन व्यक्तियों को सर्दी-खाँसी, बुखार है, वे तत्काल जाँच करवाएँ, जाँच की रिपोर्ट आने तक स्वयं को आइसोलेशन में रखें। 

सेंपल देने के बाद बहुत से लोग घूमते रहते हैं। इस पर भी नियंत्रण करना है। इससे परिवार को संक्रमित होने से बचाया जा सकेगा। यदि घर छोटा है तो कोविड केयर सेंटर जाकर व्यवस्था का लाभ लेना चाहिए। उन्होंने जनता से अपील की कि आगामी 30 अप्रैल तक घर से न निकलें, संक्रमण की चैन तोड़ें। इस संकट की घड़ी में समाज साथ खड़ा हो। आइसोलेशन केन्द्रों के लिए निजी और सरकारी भवन का उपयोग किया जाए। सम्मिलित प्रयासों से हम जंग जीत जायेंगे। 

उन्होंने कलेक्टर्स से कहा कि जिन जिलों में ऑक्सीजन प्लांट स्वीकृत किए गए हैं, वे प्लांट स्थापना का कार्य प्रारंभ करें। कुछ जिलों में ऑक्सीजन सिलेंडर लेने की पहल सराहनीय है। औषधियों की कालाबाजारी करने वाले को जेल भेजें। इस समय सबसे बड़ी आवश्यकता लोगों का जीवन बचाना है। जीवनरक्षक इंजेक्शन को अधिक कीमत पर बेचने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा किए जाने वाले स्थानीय प्रबंध में वित्तीय समस्या नहीं आने दी जाएगी। यह प्रत्येक जिले का टास्क होना चाहिए कि कम से कम रोगी अस्पताल पहुँचे। होम आइसोलेशन व्यवस्था का अधिकतम प्रयास हो। इन्दौर में की गई पहल प्रशंसनीय है। सांसद, विधायक भी पूरा सहयोग कर रहे हैं। सामाजिक संगठन सरकार के प्रयासों को मजबूत करें। निश्चित ही इस महामारी को हम सभी मिलकर हरा देंगे।