दिल्ली पुलिस किसान आंदोलन को लेकर बहुत ही परेशान है। पुलिस किसान आंदोलन में सिर्फ एक ही शख्स को खोजने लगी है, जिसने सोशल मीडिया पर टूलकिट अपलोड किया था। दिल्ली पुलिस गूगल से उस IP एड्रेस और लोकेशन की जानकारी ले रही है जहां से पहली बार टूलकिट को गूगल डॉक्स पर अपलोड किया गया था। इसकी जानकारी से दिल्ली पुलिस को IP एड्रेस और लोकेशन के जरिए उस शख्स को ढूंढ़ने में मदद मिलेगी जिसने टूलकिट को तैयार किया था।

दिल्ली पुलिस की आंखें तब खुली जब ग्रेटा थनबर्ग द्वारा शेयर किए गए टूलकिट के लेखक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस के स्पेशल सीपी क्राइम प्रवीर रंजन ने 26 जनवरी के दिन हुई लाल किले पर हिंसा को सुनियोजित साजिश का करार दिया है। जानकारी के लिए बता दें कि गणतंत्र दिवस पर टैक्टर रैली के दौरान एक किसान की टैक्टर पलटने से मौत हो गई थी। इसी मामले में टूलकिट के लेखक के खिलाफ FIR दर्ज की गई है, ना कि ग्रेट थनबर्ग के खिलाफ।

बता दें कि इंडिया सेलेब्स से ज्यादा विदेशी सेलेब्स किसानों के आंदोलन का समर्थन कर रहे हैं। जिसकी शुरूआत सिंगर रिहाना की थी, इसके बाद स्वीडन की ग्रेटा थनबर्ग ने ने किसानों का समर्थन किया और ट्वीट कर कहा कि मैं अभी भी किसानों के साथ खड़ी हूं और उनके शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन का समर्थन करती हूं। नफरत, धमकी या मानवाधिकारों के उल्लंघन की किसी भी कोशिश से यह नहीं बदलेगा। इसी ट्वीट के साथ ग्रेटा ने एक टूलकिट साझा किया था। इस टूलकिट में प्रदर्शन के समर्थन के तरीकों की विस्तृत के दस्तावेज थे।