असम से 25 क्विंटल 47 किलो अफीम डोडा और चूरा लेकर निकला ट्रक, ढाई हजार किलोमीटर दूर गुजरात में जाने से पहले ही रतनपुर बॉर्डर पर पकड़ा गया। पुलिस ने ट्रक के चालक और एक तस्कर को गिरफ्तार कर लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में अफीम की कीमत 1 करोड़ रुपए से ज्यादा की आंकी जा रही है।

बिछीवाड़ा पुलिस की ओर से शुक्रवार देर शाम यह बड़ी कार्रवाई की गई जहां अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नितेश आर्य ने बताया कि पाइन एप्पल के बिल पर यह तस्कर राज्य में अफीम की तस्करी कर रहे थे। ट्रक में अफीम तस्करी की खबर आने पर रतनपुर बॉर्डर पर नाकाबंदी कर दी गई। थानाधिकारी सुनील शर्मा के नेतृत्व में जांच करते हुए उदयपुर की ओर से आ रहे संदिग्ध ट्रक को रुकवाकर पूछताछ की गई तो पहले चालक कोई सही जवाब नहीं दे सका। इस पर ट्रक के अंदर तलाशी ली गई तो उसमें 92 कट्टों में अफीम डोडा चूरा और 5 अलग बोरियों में अफीम डोडा पाउडर के कुल 97 कट्टे जब्त किए गए। इसके बिल मांगे गए तो चालक पाइन एप्पल ले जाने के बिल दिखाने लगा।


पुलिस ने अफीम डोडा चूरा के बिल मांगे तो किसी तरह का जवाब नहीं दे सका। इस पर पुलिस ने अफीम डोडा और पाउडर जब्त कर लिया। पुलिस ने ट्रक के चालक दलशत जिला बंदगीपुर नवाबगंज निवासी जाहिद पुत्र नबीब बख्श तेली मुसलमान और अफजल पुत्र मोहम्मद जिलानी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया की वह आफीम से भरा ट्रक असम से गुजरात के गांधीधाम में ले जा रहा था।



अफीम से भरा ट्रक असम से पहुंचा राजस्थान, नहीं हुई तलाशी 
देश के पूर्वी हिस्से स्थित असम की डूंगरपुर से दूरी करीब 2 हजार 556 किलोमीटर है बावजूद इसके अफीम डोडा चूरा से भरा ट्रक आसानी से असम से निकल गया। यही नहीं यह ट्रक दो देशों भूटान और नेपाल की सीमा के पास से होकर भी गुजरा है। इसके अलावा मेघालय, बिहार, यूपी और फिर मध्यप्रदेश से होते हुए राजस्थान में यह ट्रक आया। इस बीच कई जगह पर अलग-अलग राज्यों की पुलिस, चेक पोस्ट होंगे, जहां ट्रक की जांच नहीं की गई होगी। यही कारण है कि अफीम से भरा यह ट्रक गुजरात में जाने से पहले ही रतनपुर बॉर्डर तक भी पहुंच गया और यहां नशे की सामग्री पर सख्ती के चलते तलाशी के दौरान पकड़ा गया।


पुलिस को देखकर भागने लगे आरोपी

अफीम तस्करी के मामले में आरोपी ट्रक चालक और खलासी पुलिस को देखते ही ट्रक रोककर भागने लगे तो डीएसपी माधोसिंह सोढ़ा, थानाधिकारी सुनील शर्मा, धर्मेंद्र कुमार, महेंद्र, गोविंद, दिनेश, जितेंद्र कुमार, लक्ष्मणसिंह ने घेरा डालकर पकड़ा।