प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत देश के 9.5 करोड़ किसानों के खातों में 8वीं किस्त के तौर पर रु 20,667 करोड़ की राशि हस्तांतरित की है।  इसके साथ ही पीएम मोदी ने लाभार्थियों से भी बात भी की।  इस अवसर पीएम नरेंद्र मोदी ने किसानों और गांव में रहने वाले लोगों को कोरोना से सतर्क करते हुए कहा कि ये संक्रमण गांव देहातों में भी तेजी से पहुंच रहा है।  देश की हर सरकार तेजी से काम कर रही है। 

 पीएम मोदी ने कहा कि भारत हिम्मत हारने वाला देश नहीं, हम लड़ेंगे और जीतेंगे।  उन्होंने कहा कि ये भीषण महामारी कदम-कदम पर दुनिया की परीक्षा ले रही है। उन्होंने कहा कि हमारे सामने एक अदृश्य दुश्मन है, जो बहरुपिया भी है। उन्होंने कहा कि इस कोरोना वायरस के कारण हम अपने बहुत से करीबियों को खो चुके हैं। 

 

उन्होंने कहा कि कोरोना की दूसरी वेव से जुड़े मुकाबले में संसाधनों से जुड़े जो भी गतिरोध थे, वो तेजी से दूर किए जा रहे हैं।  युद्धस्तर पर निपटने का काम किया जा रहा है। पीएम ने कहा कि सरकार के सभी विभाग, सारे संस्थान, हमारे सुरक्षाबल, हमारे वैज्ञानिक, हर कोई दिन रात कोविड की चुनौती का मुकाबला करने में एकजुट हैं। 

उन्होंने कहा कि देश के अलग-अलग हिस्सों में दिन रात कोविड अस्पताल बन रहे हैं।  नई तकनीक से ऑक्सीजन प्लांट लगाए जा रहे हैं। हमारी तीनों सेनाएं पूरी शक्ति से इस काम में जुटे हैं। ऑक्सीजन रेल ने कोरोना के खिलाफ इस लड़ाई को बहुत बड़ी ताकत दी है। 

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज देश में जरूरी दवाइयों की आपूर्ति बढ़ाने पर युद्धस्तर पर काम किया जा रहा है। देश के फार्मा सेक्टर ने पिछले कुछ दिनों में जरूरी दवाईयों का उत्पादन कई गुना बढ़ाया है। बाहर से भी कई दवाईयां मंगाई जा रही हैं। 

 

उन्होंने कहा कि इस संकट के समय में दवाईयां और जरूरी वस्तुओं की जमाखोरी और कालाबाजारी में अपने निहित स्वार्थ के कारण लगे हुए हैं।  पीएम मोदी ने कहा कि ये मानवता के खिलाफ का कृत्य है, राज्य सरकारें ऐसे लोगों के खिलाफ कठोर से कठोर एक्शन लें। पीएम ने कहा कि न भारत हिम्मत हारेगा औऱ न ही भारतवासी हिम्मत हारेंगे. हम लड़ेंगे और जीतेंगे।