त्रिपुरा विधानसभा चुनाव को लेकर रविवार मतदान संपन्न हो गए हैं। 25 सालों से लेफ्ट त्रिपुरा में अपनी सत्ता जमाए हुए है लेकिन इस बार के चुनाव कई नए समीकरण पैदा कर रहे हैं जिसमें हमेशा से जमानत जब्त रही बीजेपी सत्ता में काबिज सीपीएम को कड़ी टक्कर देती दिख रही है तो वहीं कांग्रेस इस बार सत्ता से बहार होती नजर आ रही है।


त्रिपुरा विधानसभा चुनाव में सभी की नजरें पैचारथल सीट पर है 1993 से लेकर 2013 तक यह सीट सीपीएम का गढ़ रही है। हालांकि इससे पहले 1977 में पहली बार सीपीएम के मोहन लाल चकमा ने सुशील कुमार चकमा को 2011 वोटों से हरा कर इस सीट से खाता खोला था और सीपीएम सत्ता पर काबिज हुई थी।


जिसके बाद 1983 में निर्दलीय महिला उम्मीदवार रत्ना परावा दास ने सीपीएम के खिलाडी मोहन लाल चकमा को मात्र 343 वोट से हराकर सीट पर काबिज हो गई थी। इसके बाद भी सीपीएम ने हार नहीं मानी और वो लगातार पैचारथल सीट पर अन्य पार्टियों को कड़ी टक्कर देती आई बात करें,अगर 1988 इस सीट पर कांग्रेस के पुराने खिलाड़ी सुशील कुमार चकमा ने अपना कब्ज़ा जमाया और सीपीएम के उम्मीदवार मालेन्दं चकमा को  1821 वोटों से हराया।


जिसके बाद एक बार फिर से सीपीएम ने पैचारथल सीट जनता के मूड को भांपते हुए 1993 इस सीट पर अपना नया कैंडिडेट अनिल चकमा को उतरा और फिर से पैचारथल सीट पर लाल झंडा फहराया आपको बता दें कि, इस सीट पर अनिल चकमा ने कांग्रेस के उम्मीदवार सुशील कुमार चकमा को 3880 वोटों के भारी प्रतिशत से करारी मात दी और सत्ता पर सीपीएम का राज काबिज किया। इसके बाद से सीपीएम ने फिर कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा और 1993- 2013 तक सत्ता पर जमी रही।


जिसमें 2003 में पैचारथल सीट की गद्दी को सीपीएम के विजेता उम्मीदवार अरुण कुमार चकमा ने संभाला और कांग्रेस की महिला उम्मीदवार निरुपमा चकमा को 2073 के  बड़े अंतर से हराया था। तब से लेकर 2013 तक इस सीट सीपीएम के उम्मीदवार अरुण कुमार चकमा का ही राज है लेकिन इस बार  एक बार फिर से सीपीएम ने अपने पुराने खिलाडी अनिल चकमा पर भरोसा जताया है और 2018 में उन्हें पैचारथल सीट पर टिकट दिया है।


इसके साथ ही पैचारथल सीट पर बीजेपी ने संताना चकमा को उतारा है, तो वहीं कांग्रेस ने महिला उम्मीदवार नंदिनी चकमा को टिकट दिया है इसके साथ ही आईएनपीटी ने डेनियल संगमा को और त्रिपुरालैंड स्टेट पार्टी ने कृपामोहन रिआंग को उतरा है इसके साथ ही अमरा बंगाली पार्टी ने कर्णधन चकमा को टिकट दिया है।