बिहार की ओर जाने वाली अवध असम एक्सप्रेस गुरुवार साढ़े आठ घंटे देरी से दोपहर में रोहतक जंक्शन पहुंची। रोहतक जंक्शन पर साढ़े आठ घंटे से ट्रेन का इंतजार कर रहे यात्रियों ने कोच के अंदर जगह पाने का प्रयास किया। जगह न मिलने पर युवकों में मारपीट हो गई। जीआरपी-आरपीएफ थाना से 40 कदम दूर खड़े कोच के अंदर लात-घूंसे चले, लेकिन सुरक्षा कर्मियों को भनक तक नहीं लगी। युवक थाने में शिकायत देने के लिए जा पाते, इससे पहले ट्रेन चल दी। चोट खाए युवक बिना शिकायत दर्ज कराए ही बिहार की अोर रवाना हो गए।

बता दें कि अवध असम एक्सप्रेस पिछले कई दिनों से देरी से चल रही है। गुरुवार को भी ट्रेन साढ़े आठ घंटे देरी से रोहतक स्टेशन पर आई। यूपी व बिहार निवासी रामअचल, लोकेंद्र, महेश और सुरेंद्र ने बताया कि वे रोहतक की मंडियों में मजदूरी करते हैं। काम खत्म होने पर घर जाने के लिए मंगलवार देर रात को ही रोहतक स्टेशन पर पहुंच गए। पूछताछ केंद्र से जानकारी मिली कि ट्रेन दोपहर को आएगी। दोपहर ट्रेन स्टेशन पर आई तो इंजन के पीछे लगे जनरल कोच में यात्रियों की भीड़ होने से पैर रखने की जगह नहीं थी।
स्टेशन से भी 10 से अधिक युवकों ने चढ़ने का प्रयास किया, लेकिन अंदर घुसे यात्रियों ने दूसरे कोच में जाने को कहा। हम लोगों ने ट्रेन का दो मिनट का ठहराव होने का हवाला देते हुए चढ़ने देने को कहा। मजबूरन हम धक्का देकर अंदर घुसे तो कहासुनी हो गई और देखते ही देखते कोच के अंदर मारपीट होने लगी। आरपीएफ इंस्पेक्टर आरके ओझा ने कहा कि अवध असम एक्सप्रेस के जनरल कोच में मारपीट होने की कोई रिपोर्ट आरपीएफ थाने में नहीं आई है। जीआरपी एसएचओ नरेंद्र सिंह ने सीएम के रोड शो में व्यस्त होने का हवाला दिया।