भारत के स्वर्ग जम्मू-कश्मीर को पिछले 4 साल से नरक बनाने में जुटा पाकिस्तान का बाबर भाई अब जहन्नुम में पहुंच गया है। भारतीय सेना ने कुलगाम में बुधवार देर रात मुठभेड़ में उसें मार गिराया है। इस पाकिस्तानी आतंकी की पहचान बाबर के तौर पर हुई है। यह पाकिस्तान का मूल नागरिक है। बाबर साल 2018 से ही जम्मू-कश्मीर के शोपियां और कुलगाम में एक्टिव था और आतंकी कार्रवाई कर रहा था। इस मारे गए आतंकी के पास से सुरक्षा बलों ने 1 रायफल, 1 पिस्तौल और 2 ग्रेनेड बरामद किए हैं। जम्मू—कश्मीर पुलिस के आईजी विजय कुमार ने कहा है कि इस मुठभेड़ में पुलिसकर्मी रोहित छिब की भी शहीद हुए हैं। उनके साथ ही सेना के 3 जवान भी जख्मी हुए हैं। वहीं, 2 नागरिक भी जख्मी हुए हैं।

आतंकी बाबर जैश-ए-मोहम्मद से जुड़ा हुआ था और कश्मीर घाटी में कई घटनाओं को अंजाम देने में शामिल था। यह मुठभेड़ बुधवार को उस वक्त शुरू हुई जब पुलिस और आर्मी की संयुक्त टीम ने कुलगाम के परिवान गांव में सर्च ऑपरेशन चलाया। अधिकारियों के अनुसार बाबर आतंकी घर में छुपा था। लेकिन अब उसके मारे जाने के साथ ही सर्च ऑपरेशन समाप्त हो गया। जम्मू-कश्मीर पुलिस ने अपने ट्विटर हैंडल पर बताया है कि मारे गए आतंकी की पहचान पाकिस्तान के बाबर भाई के तौर पर की गई जो कि साल 2018 से ही राज्य के शोपियां और कुलगाम में एक्टिव था।आपको बता दें कि सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच जम्मू-कश्मीर में अब तक 9 मुठभेड़ हो चुकी हैं। इन मुठभेड़ों में 13 आतंकी ढ़ेर किए जा चुके हैं जिनमें 5 पाकिस्तान के हैं। अधिकारियों के मुताबिक सुरक्षा बलों के बीच बेहतर समन्वय, ह्यूमन इंटेलिजेंस और ओवरग्राउंड वर्कर्स को टारगेट करने की वजह से मुठभेड़ों में बढ़ोतरी हुई है। अधिकारियों का यह भी कहना है कि अब आतंकियों को तेजी से निशाना बनाते हुए मारा जा रहा है जिस वजह से इनकी संख्या में कमी आई है। पिछले साल जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बलों से मुठभेड़ में कुल 171 आतंकी ढ़ेर किए जा चुके हैं। सुरक्षाबलों ने पिछले 13 महीनों में अब तक मुठभेड़ों में 184 आतंकियों को ढ़ेर किया है।