देश का सबसे बड़ा बैंक भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने अपने पर्सनल बैंकिंग पोर्टफोलिया के तहत ग्राहकों को कई तरह का अकाउंट ऑफर करता है। इनमें SBI का सेविंग प्लस अकाउंट (SBI Savings Plus Account) एक खास अकाउंट है। यह एक सेविंग बैंक अकाउंट है जो मल्टी ऑप्शन डिपॉजिट स्कीम (MODS) से जुड़ा हुआ है। इसमें सरप्लस अमाउंट एक तय सीमा से अधिक होने पर खुद-ब-खुद फिक्सड डिपॉजिट (FD) में ट्रांसफर हो जाता है। इसी के साथ मल्टी ऑप्शन डिपॉजिट पर लोन भी लिया जा सकता है।


SBI के सेविंग्स प्लस अकाउंट को कोई भी व्यक्ति खोल सकता है जो कि बैंक में सेविंग अकाउंट खोलने के योग्य है। इसे सिंगल, जॉइंट खाते के रूप में भी खोला जा सकता है।


सेविंग्स प्लस अकाउंट में 25,000 रुपये से ऊपर की राशि फिक्स्ड डिपॉजिट में ट्रांसफर हो जाती है जो कि न्यूनतम 10,000 रुपये होती है और ये 1000 रुपये के मल्टीपल में होती है। इसका मतलब यह हुआ कि मल्टी ऑप्शन डिपॉजिट अकाउंट में ट्रांसफर के लिए न्यूनतम थ्रेसहोल्ड लिमिट 35,000 रुपये की है।


इस अकाउंट में मंथली एवरेज बैलेंस (MAB) रखना अनिवार्य नहीं है। सेविंग प्लस अकाउंट में एसबीआई के बचत बैंक खाते के बराबर ही ब्याज मिलता है। इस खाते के साथ इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल बैंकिंग, एटीएम कार्ड, एसएमएस अलर्ट की सुविधा भी मिलती है।