अफगानिस्‍तान में तालिबान के कब्‍जे के बाद बड़ी मुश्किल से सोमवार सुबह बोकारो के बेरमो स्थित अपने घर लौटे बबलू कुमार का परिवार और आसपास के लोगों ने जोरदार स्‍वागत किया। वह सुबह करीब साढ़े दस बजे घर पहुंचे। छोटा भाई सुभाष उन्‍हें रांची में रिसीव करके कार से बोकारो लाया।

बबलू रविवार सुबह ही काबुल से उड़े भारतीय वायुसेना के सी-17 विशेष विमान में सवार कुल 168 भारतीयों के साथ नई दिल्‍ली हवाई अड्डे पर बबलू उतर गए थे। वहां से  इंडिगो के विमान से वह रात में रांची पहुंचे। रांची में अपने बड़े भाई अशोक कुमार के पुत्र अविनाश कुमार के आवास में रूक गए। वहां से छोटा भाई सुभाष सोमवार को उन्‍हें लेकर बोकारो पहुंचा। 

बोकारो में घर बबलू के स्‍वागत के लिए पहले से ही परिवारीजनों के साथ मुखिया और कुछ अन्‍य गणमान्‍य लोग मौजूद थे। यहां बेरमो प्रखंड के बैदकारो पश्चिमी पंचायत अंतर्गत गोटीधौड़ा गांव स्थित अपने घर पहुंचते ही परिवार के लोगों, मुखिया जितेन्द्र कुमार और अन्‍य गणमान्‍य लोगों ने बबलू का जोरदार स्‍वागत किया। इस दौरान आतंकवाद मुर्दाबाद-अपना वतन जिंदाबाद जैसे नारे भी लगे।

संकटग्रस्‍त देश अफगानिस्‍तान  से पति के सकुशल लौट आने की खुशी बबलू की पत्‍नी लाखो देवी के चेहरे पर देखते ही बनती थी। उन्‍होंने पति को माला पहनाई, आरती उतारी व तिलक लगाया। इस भावुक माहौल में बबलू ने अपने दोनों बच्चों लक्की कुमार और निशांत कुमार को गोद में उठा लिया। बड़े भाई अशोक कुमार, दीपू कुमार, लालबाबू और छोटे भाई सुभाष कुमार ने बबलू को गले लगाकर मिठाई खिलाई। बबलू ने घर के अंदर आकर देवी-देवताओं की तस्वीर के अलावा अपने स्व माता-पिता और एक स्व बड़े भाई की तस्वीर को प्रणाम किया।  बबलू से मिलने के लिए उनके घर पर लोगों का तांता लगा हुआ है।