ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर उस्मान ख्वाजा का मानना है कि खिलाड़ियों और टीमों के लिए पाकिस्तान दौरे को ना कहना बहुत आसान है। उनका यह भी मानना है कि अगर भारत के साथ ऐसा होता तो परिदृश्य अलग होते। पिछले शुक्रवार को न्यूजीलैंड ने पहला वनडे शुरू होने के कुछ देर पहले ही सुरक्षा कारणों का हवाला देकर दौरा रद्द कर दिया था। इसके बाद सोमवार को इंग्लैंड ने अक्टूबर-नवंबर में पुरुष और महिला टीमों के पाकिस्तान दौरे को भी रद्द कर दिया।

ख्वाजा ने कहा, मुझे लगता है कि खिलाडिय़ों और संगठनों के लिए पाकिस्तान को ना कहना बहुत आसान है, क्योंकि यह पाकिस्तान है। मुझे लगता है कि अगर बांग्लादेश होता तो भी यही बात लागू होती। लेकिन कोई भी भारत को ना नहीं कहेगा, अगर वे इसी स्थिति में हों। उन्होंने कहा, पैसा बोलता है, हम सभी जानते हैं और यह शायद इसका एक बड़ा हिस्सा है। वे अपने टूर्नामेंट के माध्यम से बार-बार साबित करते रहते हैं कि क्रिकेट खेलने के लिए यह एक सुरक्षित जगह है। मुझे लगता है कि कोई कारण नहीं है कि हमें वापस नहीं जाना चाहिए।

ख्वाजा ने कहा, बहुत सुरक्षा है। भारी सुरक्षा। मैंने लोगों के सुरक्षित महसूस करने के बारे में रिपोर्ट के अलावा कुछ नहीं सुना है। ख्वाजा का जन्म पाकिस्तान की राजधानी इस्लमाबाद में हुआ था और वह पांच साल की उम्र में सिडनी चले गए थे। उन्होंने अगस्त 2019 में इंग्लैंड में एशेज सीरीज के बाद टेस्ट मैच नहीं खेला है।