दक्षिण पश्चिम मानसून ओडिशा, कोंकण एवं गोवा, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, तटीय आंध्र प्रदेश, विदर्भ और तटीय कर्नाटक में सक्रिय बना हुआ है। मौसम विभाग के मुताबिक बिहार, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, राजस्थान, सौराष्ट्र और कच्छ तथा तमिलनाडु में दक्षिण पश्चिम मानसून कमजोर पड़ गया है। 

पिछले 24 घंटों के दौरान मैदानी इलाकों के 346 केन्द्रों में कुल 382.3 सेंटीमीटर वर्षा रिकार्ड की गयी। आम तौर पर इन 346 केन्द्रों में 445 सेंटीमीटर वर्षा दर्ज होना सामान्य माना जाता है। 

विभाग के मुताबिक अगले 24 घंटों के दौरान कोंकण तथा गोवा के कुछ क्षेत्रों में भारी बारिश के आसार हैं जबकि अलग-अलग क्षेत्रों में अतिवृष्टि के आसार हैं। विदर्भ, दक्षिणी छत्तीसगढ़ और तेलंगाना के अलग-अलग हिस्सों में भी अतिवृष्टि हो सकती है। 

ओडिशा, गुजरात क्षेत्र, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, तटीय एवं दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और केरल के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश का अनुमान है। अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश तथा उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के अलग-अलग क्षेत्रों में भी अगले 24 घंटों के दौरान भारी बारिश हो सकती है।

ओडिशा, विदर्भ, कोंकण तथा गोवा, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, तेलंगाना, तटीय कर्नाटक, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक और केरल के अधिकांश हिस्सों में तथा अरुणाचल प्रदेश, असम,मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तटीय आंध्र प्रदेश, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और लक्षद्वीप के कई क्षेत्रों में भी पिछले 24 घंटे के दौरान बारिश हुयी अथवा गरज के साथ छींटे पड़े। पश्चिम बंगाल में गंगा के तटवर्ती इलाकों, गुजरात क्षेत्र, रायलसीमा , अंडमान तथा निकोबार द्वीप समूह, बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा, राजस्थान, सौराष्ट्र और कच्छ के अलावा तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में बारिश हुयी अथवा गरज के साथ छींटे पड़े। झारखंड, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में मौसम शुष्क रहा।