असम में एक बौद्ध भिक्षु पर नाबालिग से रेप का आरोप लगा है। बौद्ध भिक्षु ने मंदिर में पीडि़ता से बलात्कार किया। आरोपी बौद्ध भिक्षु के खिलाफ पॉस्को एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। घटना से गुस्साए करीब 200 ग्रामीणों ने तिनसुकिया जिले के मारघेरिटा में आरोपी बौद्ध भिक्षु की पिटाई कर दी। मारघेरिटा पुलिस थाने के प्रभारी गिरिन सोनोवाल ने कहा कि बौद्ध भिक्षु को इंदेन्सा के रूप में जाना जाता है।


उसने 3 अगस्त को 12 वर्षीय नाबालिग से कथित रूप से बलात्कार किया। शिकायत के मुताबिक पीडि़ता और उसका 22 वर्षीय भाई नमडांग के बौद्ध मंदिर गए थे। जब वे मंदिर पहुंचे तो बौद्ध भिक्षु ने पीडि़ता के भाई को नजदीकी बाजार भेज दिया। इसके बाद नाबालिग के साथ बलात्कार किया। पीडि़ता और उसका भाई जागुन लाखला गांव के रहने वाले हैं। पीडि़ता ने घर पहुंचने पर अपनी मां को घटना के बारे में बताया।


इसके बाद पीडि़ता के माता पिता जागुन लाखला गांव के लोगों के समूह के साथ धांते एसोसिएशन के पास गए और न्याय के लिए अपील की लेकिन एसोसिएशन से संतोषप्रद जवाब नहीं मिलने पर स्थानीय लोग 10 वाहनों में सवार होकर मंदिर गए और आरोपी बौद्ध भिक्षु की जमकर पिटाई की। इसके बाद बौद्ध भिक्षु को पुलिस को हवाले कर दिया।


बकौल सोनोवाल, हमें पीडि़ता के पिता की ओर से औपचारिक शिकायत मिली है। हमने पॉस्को एक्ट की धारा 4 के तहत आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया है। आरोपी बौद्ध भिक्षु को गंभीर स्थिति में लाया गया। उसे सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालत गंभीर होने पर उसे डिब्रूगढ़ स्थित असम मेडिकल कॉलेज व अस्पताल रैफर किया गया।


पीडि़ता को मेडिकल एग्जामिनेशन के लिए भेजा गया है। ठीक होते ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। स्थानीय लोगों ने पुलिस थाने का घेराव किया और आरोपी को कड़ी सजा दिए जाने की मांग की। मारघेरिटा तिनसुकिया से 60 किलोमीटर व गुवाहाटी से  570 किलोमीटर दूर है।