उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ के साथ डिप्टी सीएम के तौर पर केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक ने शपथ ली है। उनके साथ ही 52 मंत्रियों ने शपथ ली है। इनमें 16 विधायकों को कैबिनेट मंत्री, 14 को राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और 20 को राज्य मंत्री बनाया गया है। लेकिन इस बार मंत्रिमंडल में पिछली बार कैबिनेट मंत्री मोहसिन रजा को जगह नहीं दी गई है। उनकी जगह मुस्लिम चेहरे के तौर पर दानिश आजाद अंसारी मंत्री बनाया गया है।

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इसको लेकर मोहसिन रजा का कहना काफी सोच-समझकर मंत्रिमंडल बनाया गया है। बीजेपी (BJP) रोटेशन पर काम करती है। यहां सब लोग संगठन के लिए काम करते हैं। जबकि, राज्यमंत्री बनाए गए दानिश आजाद अंसारी का कहना है कि मोहसिन रजा उनके बड़े भाई हैं। हम दोनों यूपी में मुस्लिम समुदाय के लिए काम करेंगे। बीजेपी अल्पसंख्यक मोर्चा के महासचिव रहते हुए दानिश आजाद ने जमीनी स्तर पर काफी काम किया है। वह अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) में विभिन्न पदों पर रहे। 2017 में भाजपा सरकार आने के बाद उन्हें भाषा समिति का सदस्य बनाया गया था।

2022 में विधान सभा चुनाव से पहले दानिश आजाद को बीजेपी अल्पसंख्यक मोर्चा का महामंत्री बनाया गया था। दानिश आजाद बलिया के रहने वाले हैं और उनकी पढ़ाई लखनऊ से हुई है। 32 साल के दानिश ने लखनऊ यूनिवर्सिटी से साल 2006 में बी. कॉम पूरा किया था। फिर मास्टर ऑफ क्वालिटी मैनेजमेंट और मास्टर ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन की पढ़ाई की।

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आपको बता दें कि मोहसिन रजा के अलावा पिछली बार मंत्री रहे आशुतोष टंडन, महेंद्र सिंह, सतीश महाना, श्रीकांत शर्मा, सिद्धार्थनाथ सिंह, उपेन्द्र तिवारी, अशोक कटारिया, राम नरेश अग्रिहोत्री, नीलकंठ तिवारी, राजेन्द्र प्रताप सिंह उर्फ मोती सिंह, सुरेश राणा जैसे चेहरों को भी इस बार मंत्रिमंडल में जगह नहीं दी गई है।