प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने मंगलवार को पोलैंड के राष्ट्रपति आंद्रेजेज डूडा (Polish President Andrzej Duda) के साथ बात की और यूक्रेन से भारतीयों को निकालने में सहायता और उनके लिए वीजा मानदंडों में ढील देने के लिए उनको शुक्रिया कहा। प्रधानमंत्री कार्यालय ने बताया कि मोदी ने इस कठिन समय में पोलैंड नागरिकों द्वारा भारतीय नागरिकों का गर्मजोशी से स्वागत और सुविधा मुहैया कराने के लिए उनकी विशेष रूप से प्रशंसा की। 

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मोदी ने राष्ट्रपति डूडा को बताया कि जनरल (सेवानिृत) वी.के. सिंह भारतीय नागरिकों को निकालने के प्रयासों की निगरानी के लिए उनके (मोदी) विशेष दूत के रूप में पोलैंड में रहेंगे। पीएमओ ने कहा, 'दोनों देशों के बीच पारंपरिक मैत्रीपूर्ण संबंधों का उल्लेख करते हुए, प्रधान मंत्री ने 2001 में गुजरात भूकंप के मद्देनजर पोलैंड द्वारा दी गई सहायता को याद किया। साथ ही उन्होंने जामनगर के महाराजा द्वारा द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान पोलैंड के कई परिवारों और अनाथ हुए युवाओं को बचाने में निभाई गई अनुकरणीय भूमिका को भी याद किया। 

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पीएमओ ने बताया कि प्रधानमंत्री ने इस दौरान शत्रुता को समाप्त करने और बातचीत की वापसी के लिए भारत की लगातार अपील को दोहराया। उन्होंने राष्ट्रों की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान करने के महत्व पर जोर दिया। इस बीच ऑपरेशन गंगा के तहत पहली उड़ान मंगलवार देर शाम पोलैंड के रेजो हवाई अड्डे से रवाना हुई। नागरिक उड्डयन, सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री तथा पूर्व सेना प्रमुख जनरल वी.के सिंह ने पोलैंड पहुंचने के बाद स्थिति का आकलन किया। उन्होंने गुरु सिंह सभा, वारसॉ में भारतीय छात्रों के साथ बातचीत की और उन्हें आश्वासन दिया कि सरकार सभी को सुरक्षित वापस लाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी।