मेघालय पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने 5 जून को सिल्चर में उसके घर से अपहरण की गई दो साल की एक लड़की (त्रिशा) को रिहा करवा लिया है। पुलिस ने इस लड़की को शनिवार शाम चार बजे पूर्वी खासी पहाड़ियों में खलीहरियट से बरामद किया गया है।

एसपी ईजेएच स्पिल थमार के अनुसार, शनिवार दोपहर जिला मुख्यालय के पास एक नाई की दुकान पर अपहरणकर्ता ने लड़की को छोड़ दिया। इसके बाद जब लड़की रोने लगी तो लोगों ने पुलिस को इसकी सूचना दी।

थमार ने कहा कि डर के मारे लड़की कुछ भी बोल नहीं पा रही थी, बस रोए जा रही थी। 

बता दें कि त्रिशला, सुब्द्दीप रॉय चौधरी और सतीबिसा रॉय चौधरी की बेटी है जिसका अपहरण 5 जून(सोमवार) को असम विश्वविद्यालय के स्टाफ क्वार्टर से किया गया था। लड़की करीब 80 घंटे से अधिक अपहरणकर्ताओं के चंगुल में थी। यह संदेह है कि बच्ची का अपहरण श्री और श्रीमती रॉय चौधरी के काम पर जाने के बाद कामवाली बच्ची को ले गई। प्रमुख संदिग्ध कामवाली नेहा फरार थी।

थमार ने सिल्चर पुलिस को मिली सफलता पर बताया कि फिलहाल, महिला पुलिसकर्मी डरी हुए छोटी लड़की को सांत्वना देने में कड़ी मेहनत कर रही है। अगर यह लड़की असम विश्वविद्यालय से अपहरण की गई बच्ची होगी तो इसे इसके परिवार को सौंप दिया जाएगा। अगर दूसरी बच्ची निकली तो हम इसे समाज कल्याण विभाग को सौंप देंगे।

अपहर्ताओं के बारे में पूछने पर थमार ने कहा कि अपराधी इस घटना में बच्ची को एक दुकान पर छोड़कर फरार हो गए थे। क्योंकि पुलिस की सख्ती से घबड़ा गए थे। इसी कारण वे बच्ची को छोड़कर भाग गए।