उत्तर प्रदेश में जैसे-जैसे विधानसभा चुनाव नजदीक आता जा रहा है, सियासी पार्टियां अभी से जोड़-तोड़ में नजर आ रही हैं।  इसी कड़ी में बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने शनिवार को ट्वीट करके बीजेपी सरकार पर निशाना साधा।  

पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने कहा,’ यूपी सरकार विभिन्न योजनाओं की घोषणाओं के बड़े-बड़े दावों से सम्बन्धित विज्ञापन व प्रचार आदि में सरकारी धन पानी की तरह बहाती है, किन्तु जमीनी हकीकत में इसका लाभ अगर यहां के खासकर ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को मिल रहा होता तो वे क्यों पलायन करने को मजबूर होते?

उन्होंने आगे कहा कि यूपी के गांव-देहातों में रोजी-रोटी के घोर अभाव से त्रस्त गरीब व बेरोजगार लोग अति-मजबूरी में लगातार पलायन कर रहे हैं, जिन्हें बाहर असहनीय जीवन जीना पड़ता है।  जौनपुर के ऐसे ही एक दलित युवक की हरियाणा में पीट कर हत्या कर दी गई, अति-दुःखद. सरकारी नीतियां कब प्रभावी होंगी?

यूपी सरकार विभिन्न योजनाओं की घोषणाओं के बड़े-बड़े दावों से सम्बन्धित विज्ञापन व प्रचार आदि में सरकारी धन पानी की तरह बहाती है, किन्तु जमीनी हकीकत में इसका लाभ अगर यहाँ के खासकर ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को मिल रहा होता तो वे क्यों पलायन करने को मजबूर होते?

दरअसल, 2007 में बसपा जब पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में आई थी तो बीजेपी और संघ ग्रामीण इलाकों में मजबूत नहीं थे। लेकिन 2014 के लोकसभा चुनाव के बाद से बीजेपी और संघ ग्रामीण क्षेत्रों में भी मजबूत हुआ है।  लिहाजा बीजेपी को टक्कर देना इतना आसान नहीं, क्योंकि बीजेपी ने न तो मंदिर का मुद्दा छोड़ा और न ही हिंदुत्व का। बता दें कि बहुजन समाज पार्टी की सुप्रीमो मायावती ने भी अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत अंबेडकर नगर से ही की थी और इसीलिए बसपा की नजर अंबेडकरनगर पर खासतौर से है।