पीएम मोदी ने मणिपुर विश्वविद्यालय परिसर में भारतीय विज्ञान कांग्रेस का उद्घाटन किया। पीएम ने इस कार्यक्रम में स्टीफन हॉकिंग को भी श्रद्धांजलि दी आैर कहा कि स्टीफन दो बार भारत आए और हमें अपना दोस्त माना। साथ ही पीएम ने प्रो. यशपाल,यू. आर. राव. और डॉ. बलदेव राज को याद किया।


राज्य में पहली बार हो रहे इस तीन दिवसीय सम्मेलन में देशभर में 5,000 प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। 5,000 प्रतिनिधियों में से 2,000 वैज्ञानिक थे। इनमें सबका ध्यान नोबल पुरस्कार विजेता मुहम्मद युनूस पर रहा। आइए जानते हैं कौन हैं मुहम्मद युनूस और क्या है उनकी जीवन की खास बातें ।

28 जून 1940 में चटगांव के बंदरगाह शहर में जन्मे प्रोफेसर मुहम्मद युनूस को ग्रामीण बैंक की स्थापना के लिए नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। मुहम्मद युनूस एक उघोगपति होने के साथ-साथ बैंकर, अर्थशास्त्री, और सिविल सोसायटी के नेता भी हैं। मुहम्मद यूनुस को ग्रामीण बैंक की स्थापना के लिए नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उन्होंने राज्य में गरीबों की मदद के लिए ग्रामीण बैंक स्थापित किए।

1969 में वेंडरबिल्ट से अर्थशास्त्र में और अगले वर्ष मध्य टेनेसी स्टेट यूनिवर्सिटी में अर्थशास्त्र के सहायक प्रोफेसर बने, जिसके बाद बांग्लादेश लौटने पर, यूनुस ने चटगांव विश्वविद्यालय में अर्थशास्त्र विभाग का नेतृत्व किया।



ग्रामीण बैंकों की स्थापना और पुरस्कार

मुहम्मद यूनुस को ग्रामीण बैंक की स्थापना के लिए नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उन्होंने रज्य में गरीबों की मदद के लिए ग्रामीण बैंक स्थापित किए। उन्हें साल 2006 में  यूनुस और ग्रामीण बैंक को संयुक्त रूप से " आर्थिक और सामाजिक विकास के लिए लघु ऋण के लिए अथक प्रयासों के लिए" नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यूनुस को कई अन्य राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित किया गया हैं। उन्हें साल 2009 में संयुक्त राज्य अमेरिका के राष्ट्रपति पदक और 2010 में कांग्रेस का स्वर्ण पदक प्राप्त किया है।  प्रोफेसर यूनुस अपने विचारों और प्रयासों के लिए कई अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त कर चुके हैं, जिसमें मोहम्मद शबदीन पुरस्कार विज्ञान (1993), मानवतावादी पुरस्कार (1 993), केअर, यूएसए वर्ल्ड फूड प्राइज (1994), वर्ल्ड फूड प्राइज फाउंडेशन, यूएसए स्वतंत्रता दिवस पुरस्कार (1987), बांग्लादेश का सर्वोच्च पुरस्कार- राजा हुसैन मानवतावादी नेतृत्व पुरस्कार (2000), किंग हुसैन फाउंडेशन, जॉर्डन- वोल्वो पर्यावरण पुरस्कार (2003), वोल्वो पर्यावरण पुरस्कार फाउंडेशन, स्वीडन-क्षेत्रीय विकास के लिए निक्केई एशिया पुरस्कार (2004), निहोन केइज़ै शिंबुन, जापान-फ्रैंकलिन डी। रूजवेल्ट फ्रीडम अवार्ड (2006), रूजवेल्ट इंस्टीट्यूट ऑफ द नीदरलैंड्स और सोल शांति पुरस्कार (2006), सियोल शांति पुरस्कार सांस्कृतिक फाउंडेशन, सियोल, कोरिया, वह संयुक्त राष्ट्र फाउंडेशन के बोर्ड के सदस्य हैं।


अंतर्राष्ट्रीय सलाहकार समूह का सदस्य

साल 1993 से 1995 तक, प्रोफेसर यूनुस चौथे विश्व सम्मेलन में अंतर्राष्ट्रीय सलाहकार समूह का सदस्य थे इस पद के लिए उन्हें संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने नियुक्त किया था। उन्होंने ग्लोबल कमिशन ऑफ विमेन हेल्थ, एडवाइजरी काउंसिल फॉर सस्टेनेबल इकोनॉमिक डेवलपमेंट और यूएन एक्सपर्ट ग्रुप ऑन वुमन एंड फाइनेंस पर काम किया है।गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज मणिपुर विश्वविद्यालय परिसर में भारतीय विज्ञान कांग्रेस का उद्घाटन किया, इस तीन दिवसीय सम्मेलन में देशभर से कम से कम 5,000 प्रतिनिधि हिस्सा लिया। 5,000 प्रतिनिधियों में से 2,000 वैज्ञानिक थे। इसके साथ ही इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रो. यशपाल, प्रो. यू. आर. राव. और डॉ. बलदेव राज को याद किया. पीएम ने स्टीफन हॉकिंग को भी श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि स्टीफन दो बार भारत आए और हमें अपना दोस्त माना।