केंद्रीय कर्मचारियों के लिए बड़ी खुशखबरी है कि उनके लिए एलटीसी अलाउंस की मुश्किल अब आसान होती जा रही है। जिन कर्मचारियों ने एलटीसी का फायदा उठाने के लिए हवाई टिकट या ट्रेन की टिकटें एडवांस में बुक की थीं लेकिन लॉकडाउन की वजह से वो यात्रा नहीं कर पाए। उनके लिए केंद्र सरकार ने ऑफिस मेमोरेंडम में तीन नए फैसलों का ऐलान किया है जिससे कर्मचारियों को बड़ी राहत मिल सकती है।

डिपार्टमेंट ऑफ पर्सनल एंड ट्रेनिंग ने देखा कि लॉकडाउन की वजह से कई एयरलाइंस ने यात्रियों के कन्फर्म टिकट कैंसिल कर दिए। जिन केंद्रीय कर्मचारियों ने टिकट बुक किए थे और फिर उनके टिकट कैंसिल हो गए उन्हें एयरलाइंस की तरफ से रीफंड भी नहीं मिला क्योंकि ज्यादातर एयरलाइंस ने इस अमाउंट को अपने क्रेडिट शेल में डाल लिया। जिसका इस्तेमाल यात्री एक साल के दौरान अपनी अगली यात्रा के दौरान कर सकते हैं। ये कर्मचारियों पर दोहरी मार की तरह है, क्योंकि एलटीसी एडवांस के साथ ब्याज भी लौटाना होता है, अगर यात्रा नहीं की गई है।
केंद्र सरकार ने इन बातों को ध्यान में रखते हुए फैसला किया है कि जिन कर्मचारियों को एलटीसी के लिए कैंसिलेशन चार्ज का भुगतान करना पड़ा है, उन्हें कैंसिलेशन चार्जेस का रिम्बर्समेंट मिलेगा। दरअसल कर्मचारियों की मांग थी कि एयरलाइन टिकट कैंसिल होने पर उन्हें मोटा कैंसिलेशन चार्ज देना पड़ रहा है। इसलिए उन्हें कैंसिलेशन चार्ज को लेकर वन टाइम रिम्बर्सेंट दिया जाए। जिसे सरकार ने मान लिया है।

डीओपीटी के मुताबिक देशव्यापी लॉकडाउन की वजह से घरेलू उड़ानों पर रोक लगाई गई। लॉकडाउन पीरियड के दौरान सभी एयरलाइंस ने यात्रियों के टिकटों को कैंसिल कर दिया। कुछ एयरलाइंस ने प्री.बुक टिकट पर कैंसिलेशन चार्ज भी वसूला। यही वजह रही कि केंद्रीय कर्मचारियों, जिन्होंने एलटीसी बेनेफिट के लिए इस दौरान एडवांस में ही हवाई टिकट बुक किए थे उन्हें वित्तीय मुश्किलों का सामना करना पड़ा, क्योंकि एयरलाइंस ने यात्रियों से कैंसिलेशन चार्ज वसूल किया।
डीओपीटी के ऑफिस मेमोरेंडम के मुताबिक कई एयरलाइंस ने कोरोना लॉकडाउन की अवधि में बुक किए गए एडवांस एलटीसी टिकटों का रिफंड भी नहीं किया। ज्यादातर एयरलाइंस ने इस पैसे को अपने क्रेडिट शेल में डाल लिया और यात्रियों को ये विकल्प दिया कि वो साल भर के भीतर जब भी यात्रा करेंगे वो इस अमाउंट का इस्तेमाल कर सकेंगे। ऑफिस मेमोरेंडम में कहा गया कि केंद्रीय कर्मचारियों को एलटीसी एडवांस पेनल्टी ब्याज के साथ वापस करना पड़ रहा था क्योंकि उन्होंने इसके लिए यात्रा की ही नहीं थी जिससे कर्मचारियों को मुश्किल हो रही थी।