अक्सर सुनते और पढ़ते रहते हैं कि नमक और चीनी का सेवन ज्यादा नहीं करना चाहिए लेकिन बता दें कि नमक का सेवन ज्यादा न करने में और बिल्कुल कम करने में काफी फर्क होता है। 

 दरअसल, शरीर को स्वस्थ रखने के लिए हर चीज की जरूरत आवश्यकता के अनुसार  होती है। अगर नमक का सेवन ज्यादा करना नुकसानदायक हो सकता है, तो इसका कम सेवन करने से भी सेहत को कई तरह के नुकसान हो सकते हैं। 

शरीर में ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखने के लिए सही मात्रा में सोडियम की जरूरत होती है।  नमक का सेवन बहुत कम करने से इसकी मात्रा शरीर में कम हो सकती है।  जिसकी वजह से ब्लड प्रेशर काफी कम होने की संभावना बनी रहती है और हार्ट अटैक, स्ट्रोक और हार्ट से संबंधित कई और दिक्कतें होने का खतरा बना रहता है। 

हमारे शरीर को हर दिन एक निश्चित मात्रा में नमक की जरूरत होती है।  अगर आप बहुत कम नमक खाते हैं तो इससे शरीर में इंसुलिन रेजिस्टेंस बढ़ने का खतरा बना रहता है।  ऐसा होने की संभावना तब होती है जब शरीर में सेल्स, हार्मोन इंसुलिन के सिग्नल्स के प्रति रिस्पॉन्स करती हैं।  इस वजह से ब्लड में शुगर की मात्रा बढ़ने लगती है. जो टाइप 2 डायबिटीज और हृदय रोग की वजह बन सकती है। 

डायबिटीज पेशेंट का सही मात्रा में नमक का सेवन न करने की वजह से, दिल का दौरा पड़ने और स्ट्रोक का खतरा बढ़ने की दिक्कत हो सकती है।  जानकारी के अनुसार टाइप 1 डायबिटीज और टाइप 2 डायबिटीज के पेशेंट के लिए नमक का कम सेवन करना काफी खतरनाक हो सकता है। 

शरीर में जरूरत की मात्रा से कम नमक खाने से शरीर में थकान और सुस्ती बनी रहती है।  जिसकी वजह से व्यक्ति का किसी काम को करने में मन नहीं लगता है और न ही कोई काम सही तरह से हो पाता है।