लद्दाख में चीन ने लंबे समय से चल रहे तनाव के बीच अपने सैनिकों को ठंड से बचाने के लिए उनके ठहराने के इंतजामों को लेकर बढ़-चढ़कर मीडिया में खबरे जारी की थी, लेकिन अब खबर आ रही है कि चीन की सेना को यहां का ठंडा मौसम रास नहीं आ रहा है और उसके सैनिक बीमार पड़ रहे हैं। मिली जानकारी के अनुसार, चीनी सैनिक ठंड के कारण यहां पर दम तोड़ रहे हैं।

बताया जा रहा है कि चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने पैंगोंग त्सो के उत्तरी बैंक क्षेत्र में हताहतों की संख्या का सामना किया है। पिछले सप्ताह के दौरान इस क्षेत्र में सैनिकों को कथित तौर पर एक स्ट्रेचर से ले जाया गया था। हालांकि भारतीय सैनिकों को माइनस तापमान में रहने का अनुभव है, क्‍योंकि हमारे जवान काफी समय से सियाचीन में तैनात हैं, जबकि चीनी सैनिकों को ऐसा कोई अनुभव नहीं है।

लद्दाख क्षेत्र में मौसम रात में काफी ठंडा हो जाता है और तापमान माइनस में पहुंच जाता है। बताया जा रहा है कि चीनी सैनिकों को ऐसे मौसम में रहने का कोई अनुभव नहीं हैं और आने वाले दिनों में पीएलए हताहतों की संख्या बढ़ सकती है। लगभग 15,000 चीनी सैनिक 15,000-16,000 फीट की ऊंचाई पर चोटियों पर काबिज हैं। अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पिओ ने खुलासा किया था कि चीन ने भारत के साथ वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर 60,000 सैनिकों को तैनात किया है। इससे पहले, चीनी मीडिया ने दावा किया था कि चीनी सैनिक लद्दाख में ठंड से निपटने की तैयारी कर रहे हैं। ठंड से बचाव के लिए अत्याधुनिक बैरक भी बनाए गए हैं।