नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) के अध्यक्ष कोनराड संगमा ने आज मेघालय के 12वें मुख्यमंत्री पद के रूप में शपथ ले ली है। उन्हें राज्यपाल गंगा प्रसाद ने पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। आइए जानते हैं कौन हैं कोनराड संगमा और क्या है उनका राजनीतिक करियर-


कोनराड संगमा मेघालय के पूर्व मुख्‍यमंत्री और लोकसभा के पूर्व स्‍पीकर स्‍व.पी ए संगमा के बेटे हैं। कोनराड संगमा मेघालय में मजबूत नेता हैं। कोनराड राज्य में आठवीं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष भी रहे हैं। नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) के विधायक दल के नेता भी हैं और पार्टी की कमान भी इन्ही के हाथों में है। 27 जनवरी 1978 को जन्मे कोनराड संगमा वेस्ट गारो हिल्स जिले के सेलसेल्ला निर्वाचन क्षेत्र का विधानसभा में प्रतिनिधित्व किया। अभी वह मेघालय की तुरा सीट से लोकसभा सदस्य हैं।


कोनराड को विरासत में मिली राजनीतिक

40 साल के कोनराड संगमा को एक तरह से राजनीति विरासत में मिली है। कोनराड संगमा ने अपनी पढ़ाई मेघालय से की है। अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद, उन्होंने 1990 में अपने पिता के कैंपेन मैनेजर के रूप में अपना करियर शुरू किया था। उस समय पीए संगमा राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) में थे। राकांपा से विवाद के बाद अलग होकर पीए संगमा ने जुलाई 2012 में नेशनल पीपुल्स पार्टी का गठन किया था।सबसे कम उम्र के वित्तमंत्री

2008 के विधानसभा चुनाव में राकांपा के टिकट पर कोनराड अपने भाई जेम्स संगमा के साथ पहली बार विधायक चुने गए थे। उस दौरान राज्य सरकार में कई अहम पदों पर रहे। 2008 में कोनराड संगमा मेघालय के सबसे कम उम्र के वित्त मंत्री बने। वित्त मंत्री बनने के 10 दिन बाद ही उन्होंने बजट पेश किया था।
मेघालय विधानसभा में 2009-2013 तक कोनराड संगमा विपक्ष के नेता रहे। चुनावों से पहले संगमा ने कहा था कि वो राज्य की राजनीति में वापस प्रवेश नहीं करेंगे और 2018 में होने वाले विधानसभा चुनाव भी नहीं लड़ेंगे। बता दें कि  वह अभी तुरा सीट से लोकसभा सांसद हैं, जो उनके पिता पीए संगमा के निधन के बाद खाली हुई थी। 2016 में पीए संगमा के निधन के बाद कोनराड तुरा संसदीय क्षेत्र से लोकसभा के लिए निर्वाचित हुए थे।




कोनराड संगमा का परिवार


राजनेता, कारोबारी और समाजसेवी कोनराड संगमा के पिता पीए संगमा मेघालय के मुख्यमंत्री और लोकसभा अध्यक्ष रहे, जबकि उनकी बहन अगाथा संगमा पिछली कांग्रेसनीत संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (यूपीए) सरकार-दो में मंत्री रही थीं. अगाथा संगमा 15वीं लोकसभा में सांसद चुनी गई थीं. कोनराड के भाई जेम्स संगमा भी विधानसभा सदस्य हैं. पीए संगमा के निधन के बाद कोनराड नेशनल पीपुल्स पार्टी के मुखिया बने. उनके परिवार में पत्नी और एक बेटी है।


मेघालय में एेसे बनी सरकार

अब आपको बता दें कि मेघालय में आखिर किस तरह से सरकार बन रही है। दरअसल राज्य में 6 सीटें जीतने वाली यूनाइटेड डेमोक्रेटिक पार्टी (यूडीपी) ने 19 सीटें जीतने वाली नेशनल पीपल पार्टी (एनपीपी) को समर्थन दिया. वहीं 4 सीटें पाने वाली पीडीएफ और 2-2 सीटें जीतने वाली बीजेपी और एचएसपीडीपी और एक निर्दलीय विधायक ने भी एनपीपी को समर्थन दिया।