गुजरात के खंभात में रामनवमी पर हुई ह‍िंसा को लेकर बड़ा खुलासा ​हुआ है। यह सनसनीखेज खुलासा पुलिस ने किया है। पुलिस का दावा है कि खंभात में रामनवमी पर सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने के लिए विदेश में साजिश रची गई। पुलिस के मुताबिक एक मौलवी मुस्तकीम और उसके दो साथी मतीन और मोहसिन के साथ ही रजाक अयूब, हुसैन हाशमशा दीवान भी इस साजिश के बड़े किरदार हैं।

यह भी पढ़ें : अरुणाचल प्रदेश सरकार ने दी बड़ी राहत, जेट ईंधन की बिक्री पर लगने वाला वैट 20% से घटाकर 1% किया

आणंद जिले के पुलिस अधीक्षक अजीत राजियां ने कहा कि हिंसा को अंजाम देने के लिए कुछ लोगों को खंभात के बाहर से बुलाया गया था। शोभायात्रा रविवार को थी, लेकिन शनिवार रात तक बाहर से लोगों को बुलाकर एकत्र किया गया था। साथ ही पत्थर और दूसरी घातक चीजें भी लाई गईं थीं। इतना ही नहीं, हिंसा के दौरान आरोपियों ने पथराव और आगजनी के लिए लोगों को उकसाया। साथ ही हिंसा के लिए पैसे भी इकट्ठा किए गए थे। 

पुलिस ने इस मामले में 9 लोगों के गिरफ्तार किया है। बता दें कि खंभात दंगे में 1 व्यक्ति की मौत हुई थी। जबकि कई लोग घायल हुए थे। पुलिस के मुताबिक आरोपियों को बताया गया था कि जब शोभायात्रा मस्जिद के पास से गुजरे, तब पथराव करें। लिहाजा रविवार को शोभायात्रा मस्जिद तक पहुंची ही थी कि प्लानिंग के मुताबिक पहले पथराव किया गया फिर आगजनी की गई। इतना ही नहीं, हिंसा फैलाने वाले लोगों को ये भरोसा दिया गया था कि उन्हें कुछ नहीं होने दिया जाएगा। अगर कुछ होता है तो कानूनी मदद भी दी जाएगी। इस वारदात को अंजाम देने के लिए पैसे भी इकट्ठा किए गए थे।

यह भी पढ़ें : हाथी को मारने के लिए अरुणाचल प्रदेश से शूटर बुलाता था तस्कर, इस तरह हुआ बड़े रैकेट का खुलासा

आणंद जिले की पुलिस ने कहा कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ और उनके मोबाइल फोन के डाटा की जांच की गई। चैट और कॉल रिकॉर्डिंग के आधार पर सामने आया कि आरोपी पूर्व नियोजित साजिश का हिस्सा थे। एक मौलवी समेत 6 आरोपियों ने साजिश रची थी। वहीं पुलिस ने दावा किया है कि आरोपियों ने हिंदू समुदाय के लोगों को सबक सिखाने के उद्देश्य से शोभायात्रा पर हमले की योजना बनाई थी।