पानी हमारे जीवन का सबसे ज्यादा जरूरी हिस्सा है। इंसान खाने के बिना रह सकता है लेकिन पानी के बिना नहीं रह सकता है। स्वस्थ रहने के लिए विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने और सिस्टम को ठीक से काम करने के लिए हर दिन कम से कम आठ से दस गिलास पानी पीना चाहिए। एक गिलास गर्म पानी, नींबू और शहद मेटाबोलिज्म को मजबूत बनाने का काम करता है।


जापानी वॉटर थेरेपी बहुत ही काम की है। बीमारियां पेट खराब होने के कारण होती हैं। लेकिन जापानी वॉटर थेरेपी आंत को साफ करती है और पाचन तंत्र को मजबूत रखती है। सुबह जल्दी उठने के बाद पानी पीना बहुत ही अच्छा होता है। सुबह के शुरुआती घंटों को गोल्डेन ऑवर कहते है। इस अवधि के दौरान पानी पीने से न केवल वजन घटता है, बल्कि विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं का इलाज होता है।

 

 

जापानी वॉटर थेरेपी से तनाव कम होता है। यह थेरेपी पूरे दिन एनर्जेटिक रखती है। सुबह उठकर खाली पेट चार से छह गिलास यानी कि 160-200 मिलीलीटर पानी पीना चाहिए। पानी पीने के बाद दांतों को ब्रश से साफ कर 45 मिनट तक कुछ भी खाए। दिन के प्रत्येक भोजन के कम से कम दो घंटे बाद पीना नहीं चाहिए। बीमारियों से ग्रसित बूढ़े लोगों को इस थेरेपी की शुरूआत में एक गिलास से करनी चाहिए। जापानी वॉटर थेरेपी कब्ज से लेकर कैंसर तक का इलाज होता है।