ईरान के नतांजे स्थित अंडरग्राउंड न्‍यूक्लियर फेसेलिटी साइट पर हुए ब्‍लैक आउट की समस्‍या आने को न्‍यूक्लियर प्रोग्राम चीफ अली अकबर सालेही ने आतंकी घटना करार दिया है। उन्होंने परमाणु संयंत्र की बत्ती अचानक से गुल होने के पीछे इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद का हाथ बताया है। उन्‍होंने स्‍टेट टीवी पर इसकी जानकारी देते हुए ये बयान दिया है। 

हालांकि उन्‍होंने इसके लिए किसी तरह के संदिग्‍ध का नाम उजागर नहीं किया है। इस हादसे में किसी तरह की कोई जान-माल की हानि नहीं हुई थी और न ही कोई परमाणु लीकेज हुआ था। माना जा रहा है कि सालेह के इस बयान से पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ सकता है। गौरतलब है कि नतांज परमाणु संयंत्र में अचानक बिजली आपूर्ति ठप हो गई थी। ये समस्‍या यूरेनियम के अधिक तेजी से संवर्धन करने वाली सेंटरफ्यूज सुविधा शुरू किए जाने के एक दिन बात आई थी।

वहीं ईरान की परमाणु एजेंसी के प्रवक्ता बेहरूज कवलवंदी नातान्ज यूरेनियम संवर्धन संयंत्र में हुई दुर्घटना में घायल हो गए है। इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान ब्रॉडकास्टिंग (आईआरआईबी) एजेंसी ने यह रिपोर्ट दी है। आईआरआईबी के अनुसार नातान्ज यूरेनियम संवर्धन संयंत्र में हुई दुर्घटना में कवलवंदी घायल हो गए, उन्हें फ्रैक्चर हुआ है तथा उसकी हालत स्थिर है। उधर, ईरान के विदेश मंत्रालय ने सोमवार को कहा कि समय आने पर नातान्ज परमाणु संयंत्र पर किए गए हमले के लिए वह इजरायल से बदला लेगा। सोमवार को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता सईद खतीबजादे ने कहा, ईरान सही समय आने पर हाल में किए गए साइबर हमले के लिए इजरायली से बदला लेगा।