पाकिस्तान एक बार फिर झूठा साबित हुआ है। आंतकियों को पनाह देने के मामले में उसका असली चेहरा सामने आ गया है। पुलवाला हमले और 2001 में हुए संसद हमले के गुनहगार जैश-ए-मोहम्मद के प्रमुख मसूद अजहर के दो ठिकानों का खुलासा हुआ है। 

मसूद अजहर के ये दोनों ठिकाने पाकिस्तान के बहावलपुर शहर में स्थित हैं। दोनों घर रिहायशी इलाकों में मौजूद हैं और इसके आस-पास दो मस्जिदें भी हैं। इन घरों की रखवाली पाकिस्तानी सेना के जवान कर रहे हैं। यही वजह है कि अजहर के खिलाफ ऑपरेशन शुरू करने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक, आतंकी मसूद अजहर के दोनों ठिकाने सिर्फ चार किमी दूर हैं। उनमें से एक लाहौर उच्च न्यायालय की बहावलपुर बेंच से सिर्फ एक किमी दूर एक पॉश इलाके में स्थित है, इस इलाके में वीआईपी रहते हैं। 

भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादियों में से एक, मसूद अजहर 2001 में हुए संसद हमले और 2019 के पुलवामा हमले जैसे बड़े आतंकी हमलों का मास्टरमाइंड है। भारत को लंबे वक्त मसूद अजहर की तलाश है। भारत ने लगातार कहा है कि वह पाकिस्तान में ही छिपा हुआ है। पाकिस्तान द्वारा आतंकवाद को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। इस बात की एक बार फिर पुष्टि हो गई है और इस बार आतंकी मसूद अजहर के ठिकानों की रखवाली करने वाले पाकिस्तानी सेना के वर्दीधारी जवान इसका सबूत हैं। ये पाकिस्तान के उन दावों से उलट है, जिसमें वो दावा करता है कि आर्थिक प्रतिबंधों से बचने के लिए वह कार्रवाई कर रहा है। इसके अलावा वह आतंकवाद को बढ़ावा या आर्थिक सहायता नहीं देता है। इससे एक बार फिर इस बात की भी पुष्टि हो गई है कि पाकिस्तान आतंकियों को पनाह देता है और उन्हें सुरक्षा मुहैया कराता है। साथ ही स्टेट पॉलिसी के रूप में आतंक का प्रयोग करता है।