नई दिल्ली। अगर आप या आपके माता-पिता एम्‍प्‍लॉई पेंशन स्‍कीम के तहत कर्मचारी हैं तो आपके लिए काम की खबर है. माता-पिता में कोई एक या फिर दोनों ही नौकरीपेशा (Salaried Parents) थे और एम्‍प्‍लॉई पेंशन स्‍कीम में सदस्य (EPS Member) रहे हैं तो उनके बच्‍चों को आर्थिक मदद (Financial Support) दी जाती है.

EPFO Pension Scheme यानी EPS में पैसे जमा करने के लिए कंपनी अपने कर्मचारी की सैलरी से पैसे नहीं काटती बल्कि कंपनी के योगदान का कुछ हिस्सा ही ईपीएस में जमा करती है. ऐसे में , जब परिवार के कर्मचारी सदस्‍य की मौत हो जाती है तो उनके अनाथ बच्चों को पेंशन मिलती है. आइए जेनेट हैं एम्‍प्‍लॉई प्रॉविडेंड फंड ऑर्गेनाइजेशन (EPFO) की तरफ से ईपीएस स्कीम के तहत अनाथ बच्चों को मिलने वाले फायदों (EPS Benefits) के बारे में.

लाभ

- इसके तहत अनाथ बच्चों को मिलने वाली पेंशन की राशि मासिक विधवा पेंशन की 75 फीसदी होगी.

- इसमें मिलने वाली राशि कम से कम 750 रुपये प्रति महीना होगी.

- अगर दो बच्चे हैं तो दोनों अनाथ बच्चों में से प्रत्येक को 750 रुपये प्रति महीना की पेंशन राशि दी जाएगी.

-EPS के तहत अनाथ बच्चों को 25 साल की उम्र तक मिलेगी ये पेंशन.

-इसके तहत किसी अक्षम बच्चे को जीवनभर पेंशन दी जाएगी.

-ईपीएस के लिए कंपनी अपने कर्मचारी के वेतन से कोई पैसे नहीं काटती हैं.

-कंपनी के योगदान का कुछ हिस्सा ईपीएस में डाला जाता है.

-नए नियम के तहत 15,000 रुपये तक बेसिक सैलरी वालों को ये सुविधा मिलेगी.

-आपकी सैलरी का कुल 8.33 फीसदी हिस्सा ईपीएस में जमा किया जाता है.

-इसके अनुसार, 15,000 रुपये बेसिक सैलरी होने पर कंपनी ईपीएस में 1,250 रुपये जमा कराती है.