चाय बोर्ड के अनुसार बाऊट लीफ फैक्टरीज (बीएलएफ) द्वारा उत्पादित सीटीसी चाय को दिसंबर 2018 में अरुणाचल प्रदेश में में एक जिले में 191 रुपए प्रति किलो का उच्चतम भाव मिला। यह जानकारी चाय बोर्ड के आंकड़ों से मिली है।


हालांकि, चाय बोर्ड ने यह नहीं बताया कि प्रदेश के 16 में से कौन से जिले में यह भाव मिला है। आंकड़ों से पता लगता है कि दार्जिलिंग के मैदानी इलाकों की चाय के लिए 124 रुपए प्रति किलोग्राम की तुलना में असम की चाय का उच्चतम मूल्य 155.51 रुपए प्रति किलोग्राम पर ऊंचा था। आंकड़ों के मुताबिक उत्तर भारतीय बीएलएफ की तुलना में तमिलनाडु और केरल की चाय की उच्चतम कीमतें कम थीं।


भारतीय चाय संघ (आईटीए) के अनुमान के अनुसार, बीएलएफ और छोटे उत्पादकों की चाय का उत्पादन कुल उत्पादन में 50 प्रतिशत से अधिक था। वर्ष 2017 (जनवरी-दिसंबर) में छोटे उत्पादकों और बीएलएफ ने 63.1 करोड़ किग्रा का उत्पादन किया जो 134.8 करोड़ किग्रा के कुल उत्पादन का लगभग आधा हिस्सा है।


नवंबर 2018 में, पश्चिम बंगाल का उत्पादन पिछले वर्ष की समान अवधि के तीन करोड़ 70.8 लाख किग्रा के मुकाबले कम यानी तीन करोड़ 59.9 लाख किग्रा था। नवंबर के दौरान दक्षिण भारत और असम में भी उत्पादन घट गया।