बिहार विधानसभा के मॉनसून सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को पूरे विपक्ष ने सदन का बॉयकॉट कर दिया. सभी विपक्षी दलों के विधायकों ने सदन से बाहर निकलकर सरकार के खिलाफ हंगामा किया. विधानसभा से बाहर आने के बाद नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने कहा कि जब तक तक हमें सदन के अंदर बहस करने का मौका नहीं दिया जाता है तब तक हम ऐसे ही बहिष्कार करते रहेंगे.

तेजस्वी यादव ने कहा कि महागठबंधन के सभी विधायक कल से विधानसभा की कार्रवाही में भाग नहीं लेंगे. विधानमंडल बाहरी परिसर में आएंगे लेकिन सदन में नहीं जाएंगे. उन्होंने कहा कि जन जातीय जनगणना पर सदन की कमेटी बने और प्रधानमंत्री सदन की कमेटी से मुलाकात करें. जन जातीय जनगणना की वकालत करें और अगर कमेटी नहीं बनेगी तो राज्य सरकार को अपने खर्चे से जनगणना करानी चाहिए.

तेजस्वी यादव ने कहा कि पूरे सदन का विपक्ष ने बॉयकॉट करने का निर्णय लिया है. बिहार विधानसभा के अंदर कार्रवाही में भाग नहीं लेंगे. सभी अधिकारियों की संपत्ति की जांच कराई जाए. वहीं अन्य विधायकों ने भी इस बात से सहमति जताई. इस दौरान तेजस्वी यादव ने कहा कि परिसर आना और सदन में जाना दोनों में अंतर है. कुछ लोग विधानसभा को अपनी जागीर समझ बैठे हैं. वे जनता के मुद्दों पर बहस नहीं चाहते हैं. जहां जनता की सुनवाई नहीं, जहां पढ़ाई, कमाई, दवाई, सिंचाई व महंगाई पर चर्चा नहीं होती वहां जाने का कोई मतलब नहीं है. जबतक विधायकों की पिटाई के मामले में दोषियों पर कार्रवाई नहीं होती, कार्यमंत्रणा समिति की बैठक नहीं होती हम विधानसभा का बहिष्कार करेंगे.