रूस द्वारा यूक्रेन पर हमले के चलते जहां दुनियाभर में तनाव बना हुआ है. इसके चलते भारत समेत दुनिया भर के शेयर बाजारों में गिरावट देखी जा रही है. कच्चा तेल $100 प्रति बैरल के पार जा पहुंचा है जो भारत के लिए मुसीबत बढ़ाने वाली खबर है.  इंटरनेशनल रेटिंग एजेंसी मूडीज इन्वेस्टर्स सर्विस ने  चालू वर्ष के लिए भारत के विकास दर अनुमान को 9.5 प्रतिशत से घटाकर 9.1 प्रतिशत कर दिया है. मूडीज का कहना है कि महंगे ईंधन और उर्वरक आयात बिल सरकार के पूंजीगत व्यय को सीमित कर सकते हैं.

यह भी पढ़े : लड़की ने सपने में देखा उसका बॉयफ्रेंड किसी और लड़की के साथ है , रात में पहुंची घर तो उड़ गए होश


मूडीज के ग्लोबल मैक्रो आउटलुक 2022-23 (मार्च 2022 अपडेट) के अनुसार, यूक्रेन पर रूस के आक्रमण से आर्थिक विकास को नुकसान होगा. रेटिंग एजेंसी ने कहा कि 2023 में भारत की आर्थिक विकास दर 5.4 प्रतिशत होने की संभावना है. मूडीज के मुताबिक भारत विशेष रूप से उच्च तेल की कीमतों के प्रति संवेदनशील है क्योंकि वह कच्चे तेल का एक बड़ा आयातक देश है.

भारत अनाज का सरप्लस उत्पादक है, इसलिए उच्च प्रचलित कीमतों से अल्पावधि में कृषि निर्यात को लाभ होगा. मूडीज ने कहा, उच्च ईंधन और संभावित उर्वरक लागत भविष्य में सरकारी खजाने पर भार डालेंगे, संभावित रूप से नियोजित पूंजीगत व्यय को सीमित कर देंगे.

यह भी पढ़े : सिंगल चार्ज में 200 KM तक चलेगी ये इलेक्ट्रिक बाइक, फीचर्स भी होंगे जोरदार, कीमत 1 लाख से भी कम


मूडीज इन्वेस्टर्स सर्विस ने कहा, इन सभी कारणों से हमने भारत के लिए अपने 2022 के विकास अनुमानों को 0.4 प्रतिशत अंक कम कर दिया गया है. अब हमें उम्मीद है कि इस साल अर्थव्यवस्था 9.1 फीसदी के दर विकास करेगी.