लोगों की जान के साथ खिलवाड़ करके भी मुनाफा कमाने की कुछ लोगों की आदत कोरोना महामारी के इस दौर में भी छूटी नहीं है। इन्‍हें देखकर लगता है कि कोरोना वायरस से बच गए तो भी ये मिलावट मार डालेगी।  

पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र के राजा बाजार में संचालित पनीर की एक अवैध फैक्ट्री पर प्रशासन व पुलिस की टीम ने छापेमारी की। मौके से फैक्ट्री मालिक फरार हो गया। वहां काम करने वाले सात लोग पुलिस के हत्थे चढ़े हैं। 

पुलिस को सूचना मिली थी कि फैक्ट्री में हानिकारक रसायन से पनीर का बड़े पैमाने पर उत्पादन कर मंडल के तीनों जिलों में उसकी आपूर्ति की जा रही है। सूचना पर पहुंची एफडीए की टीम ने पनीर का नमूना लिया। वहां मौजूद पनीर को निस्तारित करने की कार्रवाई की जा रही थी। 

पुलिस को मुखबिर के जरिए सूचना मिली थी कि राजा बाजार मैदान में लंबे समय से पनीर बनाने का कारोबार किया जा रहा है। पनीर को बनाने में हानिकारक रसायन का प्रयोग किया जाता है। एसडीएम सदर आशा राम वर्मा के नेतृत्व में पुलिस व प्रशासन की टीम ने वहां छापेमारी की। सूचना देकर मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुशील मिश्रा व खाद्य सुरक्षा अधिकारी मुकेश कुमार को भी बुला लिया गया। 

अधिकारियों का कहना है कि मौके पर लगभग सात किवंटल तैयार पनीर बरामद हुआ। वहीं पर सेफोलाइट के दो डिब्बे भी मिले हैं। इसका इस्तेमाल सिंथेटिक रबर बनाने के काम आता है। आशंका इस बात की है कि कहीं इस रसायन का इस्तेमाल पनीर बनाने में तो नहीं हो रहा था। टीम ने इसे अलग से सील कर दिया है। वहां मिले दूध के पाउडर के पैकेट को भी सील कर जांच के लिए भेजा जा रहा है। खाद्य सुरक्षा विभाग के अभिहित अधिकारी अपूर्व श्रीवास्तव का कहना है कि पनीर बनाने में दूध के पाउडर के इस्तेमाल की संभावना है। वहां पर यह रसायन क्यों रखा गया था, यह सेम्पल की जांच के बाद सामने आ सकेगा।