इस विश्व कप (ICC T20 WC 2021) में यह एक रिवाज हो गया है कि शाम के मैच में जो टीम टॉस जीतती है, वह पहले गेंदबाजी करती है और फिर लक्ष्य का पीछा करते हुए मैच जीत लेती है। फाइनल मैच दुबई में होगा, जहां 12 में से 10 मैच टॉस जीतने (importance of toss) वाली टीम ही जीती है। इसके अलावा अबू धाबी और दुबई में 27 डे नाइट टी20 मैचों में से 21 मैच उस टीम ने जीते हैं, जिन्होंने लक्ष्य का पीछा किया। 

ओस इसमें एक बहुत बड़ा कारण है क्योंकि ओस के कारण दूसरी पारी में गेंदबाजी खासकर स्पिन गेंदबाजी थोड़ी कठिन और बल्लेबाजी आसान हो जाती है। नॉकआउट मुकाबलों को देखने के बाद तो लगा कि यहां पर आखिरी ओवरों में 12 रन/ओवर भी बचाना मुश्किल है। फ्लडलाइट्स के नीचे दूसरी पारी के दौरान तेज गेंदबाजों ने यहां पर नौ मैचों में सिर्फ आठ विकेट लिए हैं और इस दौरान 10 के इकॉनोमी से प्रति ओवर रन दिए है। विश्व कप में सुपर 12 मैचों (super 12 matches in world cup) की शुरुआत से ही यह ट्रेंड बन गया कि लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम जीत रही है। इस दौरान 23 में से 18 मैच ऐसे ही जीते गए, जबकि दुबई में यह रिकॉर्ड नौ में से नौ मैच था। हालांकि ऐसा पहली बार नहीं हुआ है। 2014 और 2016 टी20 विश्व कप में भी रात के मैचों में अधिकतर वही टीमें जीत रही थीं, जो लक्ष्य का पीछा कर रही थीं। 

इसी तरह टॉस जीतने वाली टीमों को भी इस बार की तरह ही लाभ मिल रहा था। दोनों सेमीफाइनल मुकाबलों के बाद यह साफ हो गया है कि अगर आपको बड़े मैचों में जीतना है तो आपको बड़ा स्कोर खड़ा करना होगा। 2014 से टी20 विश्व कप के आठ नॉकआउट मुकाबलों (world cup knockout match) में से सात मैच लक्ष्य का पीछा करने वाली टीमों द्वारा जीते गए हैं। ऑस्ट्रेलिया (Australia) ने इस टूर्नामेंट में अब तक पांचों बार टॉस जीता है, हालांकि इंग्लैंड के खिलाफ उन्हें मैच में हार मिली थी। वहीं न्यूजीलैंड ने इस टूर्नामेंट में अब तो सिर्फ दो ही बार भारत और इंग्लैंड के खिलाफ दो महत्वपूर्ण मैचों में टॉस जीता है। पिछले छह विश्व कप फाइनल में पांच बार टॉस जीतने वाली टीम ने ही खिताब जीता है। अगर पिछले चैंपियंस की बात करें तो वेस्टइंडीज (West Indies) ने 2016 विश्व कप में सभी छह मैचों में टॉस जीते थे और खिताब अपने नाम किया था। इन सभी छह मैचों में उन्होंने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था। इसी तरह 2012 की खिताबी जीत में भी उन्होंने सात में से छह मैचों में टॉस जीते थे। 2007 में भारत ने पांच मैचों में टॉस जीते थे, जिसमें नॉक आउट के दो महत्वपूर्ण मु$काबले शामिल हैं। वहीं 2014 में श्रीलंका ने अपनी  खिताबी जीत में वे सभी चार मैच जीते थे, जिसमें उन्होंने टॉस जीता था।