केंद्रिय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने राज्‍यसभा में बताया है कि अगले साल तक कोरोना वायरस का टीका भारत में उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में पूरा देश मिलकर कोरोना की लड़ाई को लड़ रहा है। 7 जनवरी को WHO ने सूचना दी मिली थी कि चीन में कोरोना का केस मिला है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने राज्यसभा में बताया कि जुलाई-अगस्त में भारत में 300 मिलियन कोरोना मामले और 5-6 मिलियन मौतों की बात कही गई थी। 135 करोड़ के इस देश में हम रोजाना 11 लाख टेस्ट कर रहे हैं। हमसे ज्यादा कुल 5 करोड़ टेस्ट अभी तक अमेरिका ने किए हैं। हम जल्द ही अमेरिका को टेस्टिंग के मामले में पीछे छोड़ देंगे।
डॉ हर्षवर्धन ने जानकारी देते हुए बताया कि कोरोना मामले में सरकार ने बिल्कुल भी देर नहीं की। उन्होंने कहा कि 7 तारीख को WHO ने कोरोना वायरस का जिक्र किया और हमने 8 जनवरी से बैठकें शुरू कर दी. इतिहास इस बात को लेकर पीएम मोदी को याद करेगा कि कैसे लगातार 8 महीने तक उन्होंने कोरोना को लेकर हर एक्शन पर नजर रखी। उन्होंने सबकी सलाह ली।
स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने मंगलवार को राज्यसभा में कहा था कि कोरोना महामारी के प्रकोप से निपटने के लिए सरकार ने प्रभावी कदम उठाए हैं जिसके कारण संक्रमण से मृत्यु दर अन्य देशों की तुलना में बहुत कम हैं। डॉ हर्षवर्धन ने सदन में 'कोविड महामारी और सरकार के कदम' पर एक वक्तव्य देते हुए कहा कि सरकार इस महामारी का रणनीतिक तरीके से मुकाबला कर रही है और अभी तक सफल रही है। सरकार को कोविड-19 के नये मामले और इससे होने वाली मौतों पर रोक लगाने में सफलता मिली है।
राज्यसभा में स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने कहा कि भारत अन्य देशों की तरह ही प्रयास कर रहा है। पीएम के मार्गदर्शन में एक विशेषज्ञों का एक समूह इसे देख रहा है और हमारे पास आगे के लिए बेहतर योजनाएं हैं। हमें उम्मीद है कि अगले साल की शुरुआत में भारत में वैक्सीन उपलब्ध होगा।
स्वास्थ्य मंत्री ने सदन को कोरोना संक्रमण के मामलों में देश की स्थिति और इससे लड़ने के लिए सरकार की रणनीति की जानकारी देते हुए बताया कि देश महामारी से मरने वालों की संख्या कम है और इसके प्रसार को रोकने के लिए उठाए गये कदम सफल हुए हैं। उन्होंने कहा कि देश में 13 राज्यों में कोरोना के सबसे ज्यादा मामले हैं लेकिन दुनिया के अन्य देशों की तुलना में यहां स्थिति ज्यादा बेहतर है। कोरोना के कारण ज्यादातर मामले और मौतें महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, कर्नाटक, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, असम, केरल,पश्चिम बंगाल, बिहार, तेलंगाना, ओडिशा और गुजरात से हैं।सरकार के प्रयास से कोरोना संक्रमण पर रोक लगी है। कोरोना संक्रमितों के मामले भारत दुनिया में दूसरे स्थान पर है।