हाथरस गैंगरेप मामले को लेकर विशेष जांच दल ( एसआईटी) की टीम जांच में जुटी है। वहीं पीड़िता और आरोपी के परिवार एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं। पीड़िता के भाई और आरोपी पक्ष के फोन कॉल की सीडीआर वायरल होने के बाद जहां जांच की दिशा बदल गई है। 

वहीं पीड़ित पक्ष का कहना है कि यह उन्हें फंसाने की साजिश है। वहीं आरोपी पक्ष का कहना है कि वह निर्दोष है और ये ऑनर किलिंग का मामला है। पीड़िता के भाई का कहना है कि आरोपी पक्ष से मेरी आमने सामने भी बात नहीं होती तो हम फोन पर क्यों बात करेंगे। घर में एक ही नंबर है, वह भी हमारे पिता के पास रहता है। हमारी बहन हमारी निगरानी में रहती थी।

गौरतलब है कि मामले में आरोपी संदीप के मोबाइल नंबर और मृतका के भाई के नाम के मोबाइल नंबर पर पांच माह की सीडीआर में 104 बार बातचीत की बात सामने आ रही है। इस बातचीत का कुल समय 5 घंटे से भी ज्यादा का रहा है। पांच माह की यह सीडीआर अक्टूबर 2019 से मार्च 2020 तक की है। वहीं पीड़िता के भाई का कहना है कि यह नंबर तो हमारा ही है, लेकिन दूसरा नंबर किसका है, इसकी हमें कोई जानकारी नहीं है।

वहीं मामले के आरोपियों ने जेल से पुलिस अधीक्षक (एसपी) को पत्र लिखा है, जिसमें सभी आरोपियों ने खुद को निर्दोष बताया है। घटना के मुख्य आरोपी संदीप ने दावा किया है कि पीड़िता के साथ उसकी दोस्ती थी, जिससे उसका परिवार नाराज था। यह पूरा मामला ऑनर किलिंग का है। संदीप ने लिखा, घटना के दिन पीड़िता ने मुझे मिलने के लिए खेत में बुलाया था, जब मैं वहां गया तो पीड़िता के साथ उसकी मां और भाई मौजूद थे। पीड़िता के कहने पर मैं अपने घर चला गया। तभी मुझे खबर मिली कि पीड़िता की मां और उसके भाई ने पिटाई की है। बाद में उसकी मौत हो गई।